'ऐसा पहली बार हुआ है कि पाकिस्तान ने ऐसे किसी मामले में भारत की ओर से उपलब्ध कराये गए सबूतों के आधार पर कार्रवाई की.'

— किरण रिजिजू, गृह राज्य मंत्री

पठानकोट आतंकी हमले पर लोकसभा में एक सवाल के जवाब में रिजिजू ने यह बात कही. उन्होंने कहा कि ऐसा पहली बार हुआ है कि पाकिस्तान ने भारत के सबूतों पर कार्रवाई की और घटना में शामिल पाकिस्तानी नागरिकों की भूमिका की जांच के लिए एक मामला दर्ज किया. गृह राज्य मंत्री ने यह भी बताया कि खुफिया सूचनाओं और एनआईए की जांच से पता चला है कि आतंकवादी हमले की योजना जैश ए मोहम्मद के मुखिया मौलाना मसूद अजहर एवं अन्य लोगों ने बनाई थी. इस हमले के बाद भारत-पाकिस्तान के विदेश सचिवों की प्रस्तावित बातचीत टल गई थी. भारत पाकिस्तान से कह चुका है कि पहले वह इस हमले के दोषिय़ों के खिलाफ संतोषजनक कार्रवाई करे, तभी बात होगी.

'चिदंबरम ने इंटेलिजेंस ब्यूरो में एक छोटे कर्मचारी को बुलवाया और हलफनामे को पूरी तरह बदल दिया. हलफनामे में क्या लिखा जाए इसे चिदंबरम ने बोल कर लिखवाया.'

— जीके पिल्लई, पूर्व गृह सचिव

पूर्व गृह सचिव जीके पिल्लई ने कहा है कि यूपीए सरकार में गृहमंत्री रहे पी चिदंबरम ने इशरत जहां पर हलफनामा बदलवाया और ऐसा करते हुए उन्हें नजरअंदाज किया. इससे पहले चिदंबरम ने कहा था कि दूसरा हलफनामा इसलिए दाखिल किया गया कि पहला वाला अस्पष्ट था और इसकी गलत व्याख्या की जा रही थी. पूर्व गृह मंत्री के मुताबिक इसकी जानकारी पिल्लई को भी थी. इशरत और उसके साथी 2004 में हुई एक कथित फर्जी मुठभेड़ में मारे गए थे. 2009 में तत्कालीन यूपीए सरकार ने इस मामले में दो महीने के भीतर दो हलफनामे दाखिल किए थे. एक में कहा गया था कि कथित फर्जी मुठभेड़ में मारे गए चार लोग आतंकवादी थे जबकि दूसरे में कहा गया था कि किसी निष्कर्ष पर पहुंचने लायक सबूत नहीं हैं. पिल्लई का कहना है कि दूसरा हलफनामा राजनीतिक कारणों से दाखिल किया गया.


'राज्य को राजनीति नहीं करनी चाहिए.'

— अनुराग ठाकुर, बीसीसीआई सचिव

टी20 विश्व कप मुकाबले में होने वाले भारत-पाकिस्तान मैच पर अनिश्चितता के बादल मंडराने लगे हैं. इसकी वजह यह है कि हिमाचल प्रदेश सरकार ने इस मैच के लिए सुरक्षा मुहैया कराने में असमर्थता जताई है. बीसीसीआई सचिव ठाकुर का यह बयान इसी संदर्भ में आया है. भारत और पाकिस्तान के बीच यह बहुप्रतीक्षित मैच 19 मार्च को धर्मशाला में होना है. लेकिन हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने गृह मंत्रालय को पत्र लिखकर कहा है कि राज्य सरकार इस मैच के लिए सुरक्षा मुहैया नहीं करा सकती. मुख्यमंत्री के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए लोकसभा में भारतीय जनता पार्टी के सांसद ठाकुर ने कहा कि राज्य को महीनों पहले कार्यक्रम की जानकारी थी और उस समय सरकार ने ऐसी किसी चिंता के बारे में नहीं बताया. ठाकुर ने मुताबिक अब जब दुनिया भर के लोगों ने बुकिंग करा ली है तो आखिरी मौके पर इस तरह का बयान देना ठीक नहीं है.


'मैं उन नेताओं में से हूं जो अपनी बात पर कायम रहते हैं. गवाह और सबूत दोनों पेश करूंगा.'

— ज्ञानदेव आहूजा, भाजपा विधायक

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में रोज 3000 कंडोम मिलने का दावा करके विवादों में आए राजस्थान के रामगढ़ विधानसभा क्षेत्र से विधायक ज्ञानदेव आहूजा ने कहा है कि वे अपने दावे को साबित करने के लिए जल्द ही सबूत सामने लेकर आएंगे. विधायक के इस बयान के बाद बवाल मच गया था कि जेएनयू परिसर सेक्स और ड्रग्स का गढ़ बन गया है और वहां रोजाना 3000 से ज्यादा कंडोम और 2000 बोतल से ज्यादा शराब की खपत होती है. खबरों के मुताबिक इस बयान से हुई भाजपा की चौतरफा किरकिरी के बाद पार्टी अध्यक्ष अमित शाह ने उन्हें फटकार भी लगाई थी, लेकिन लगता है कि इसका उन पर कोई असर नहीं पड़ा है.


 'बोलने की आजादी का एक मतलब चुप रहने का अधिकार भी होता है. इसलिए अब मैं चुप ही रहूंगा.'

— शाहरुख खान, चर्चित अभिनेता

शाहरुख ने यह बात अपनी फ़िल्म फैन के ट्रेलर लांच के दौरान कही. कुछ समय पहले उनकी फिल्म 'दिलवाले' की रिलीज के दौरान अभिव्यक्ति की आज़ादी पर दिए गए उनके एक बयान पर काफ़ी बवाल मचा था. कइयों के मुताबिक इस हंगामे की वजह से ही फ़िल्म को बॉक्स ऑफिस पर नुकसान हुआ. यशराज फ़िल्म्स के बैनर और मनीष शर्मा के निर्देशन के तहत बनी फैन की कहानी एक अभिनेता और उसके उसके सबसे बड़े प्रशंसक के रिश्ते पर आधारित है.