प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक बार फिर काले धन और भ्रष्टाचार पर जमकर निशाना साधने की खबर आज कई अखबारों के मुख्य पृष्ठ पर है. उत्तर प्रदेश के बहराइच में एक रैली को फोन के जरिए संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि दो- चार महीने में काले धन वाले जेल में होंगे. इसके अलावा अखबारों ने गृहमंत्री राजनाथ सिंह के बयान को भी प्रमुखता से जगह दी है. गृहमंत्री ने कहा है कि पाकिस्तान भारत को धार्मिक आधार पर बांटने की कोशिश कर रहा है लेकिन, जैसे हालात हैं उसमें खुद उसके ही 10 टुकड़े हो जाएंगे.

बैंक और खाताधारकों के लिए नोटों के नंबरों का ब्योरा रखना अनिवार्य

बैंक खाताधारकों को बैंक में जमा किए गए नोटों के नंबरों का ब्योरा अपने पास रखना होगा. वित्त मंत्रालय ने रविवार को इस संबंध में दिशा-निर्देश जारी किया है. जनसत्ता की एक रिपोर्ट के मुताबिक मंत्रालय के वित्तीय सेवाओं के विभाग ने इस संबंध में सरकारी बैंकों और भारतीय बैंक संघ के शीर्ष पदाधिकारियों को एक पत्र भेजा है. इसमें कहा गया है कि जमा किए गए नए और पुराने नोटों के नंबरों का ब्योरा ग्राहक पर्ची पर दर्ज करना होगा. इसके अलावा बैंकों को अपनी शाखा में सूचनापट्ट लगाकर इसकी जानकारी दर्ज करनी होगी. मंत्रालय ने इन दिशानिर्देशों के पालन नहीं होने पर सख्त कार्रवाई की बात कही है. इस संबंध में सभी बैंकों से 16 दिसंबर तक रिपोर्ट तलब की गई है.

अखबार के मुताबिक सरकार का यह निर्देश कुछ दिन पहले भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) द्वारा जारी किए गए सर्कुलर के ठीक उलट है. इसमें कहा गया था कि नकदी परिचालन को लेकर कोई भी निर्देश आरबीआई ही जारी करेगा.

औद्योगिक कर्मचारियों के वेतन भुगतान को डिजिटल करने की योजना

केंद्र सरकार नकदी रहित यानी कैशलेस अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए एक और कदम उठाने जा रही है. इसके तहत फैक्ट्री और औद्योगिक कर्मचारियों को उनके वेतन का भुगतान नकद में न करके चेक या बैंक खाते के जरिए किया जा सकता है. द टाइम्स ऑफ इंडिया के मुख्य पृष्ठ पर प्रकाशित एक खबर के मुताबिक इसमें वैसे कर्मचारियों को शामिल किए जाने की बात कही गई है जिनका मासिक वेतन 18000 रुपये तक है.

एक आधिकारिक सूत्र का कहना है कि 'अधिकतर कर्मचारियों के पास बैंक खाते हैं. अब समय आ गया है कि हम तकनीक का इस्तेमाल करें और डिजिटल इंडिया को बढ़ावा दें.' इस सूत्र की मानें तो जल्द ही रेलवे सहित अन्य सरकारी उपक्रमों में भी इस व्यवस्था को अनिवार्य किया जाएगा. इन बदलावों को कानूनी वैधता देने के लिए साल 1936 के मजदूरी भुगतान कानून में संशोधन किया जाएगा. खबर के मुताबिक इस संबंध में संशोधित विधेयक तैयार कर लिया गया है और कैबिनेट की मंजूरी मिलने के बाद इसे संसद में पेश किया जाएगा.

नोटबंदी के बाद 13 लाख करोड़ रुपये बैंकों में जमा, पांच लाख करोड़ नए नोट बाजार में

नोटबंदी के बाद आरबीआई पांच लाख करोड़ रुपये के नए नोट जारी बाजार में उतार चुका है. द इंडियन एक्सप्रेस की एक खबर के मुताबिक यह रकम 500 और 1000 रुपये के पुराने नोटों की करीब एक-तिहाई यानी 33 फीसदी है. आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक फिलहाल बाजार में सात लाख करोड़ रुपये चलन में हैं. इनमें नोटबंदी के बाद बैंकों के पास रखे दो लाख करोड़ रुपये भी शामिल हैं.

अखबार के मुताबिक बैंकों के पास पुराने नोटों के रूप में 13 लाख करोड़ रुपये जमा हो चुके हैं, जो अर्थव्यवस्था में मौजूद कुल नकदी का 84 फीसदी है. सरकार के मुताबिक 30 दिसंबर तक बाजार में करीब ढाई लाख करोड़ रुपये के और नए नोट आने के बाद नकदी संकट की स्थिति में सुधार देखने को मिल सकता है.

सायरस मिस्त्री का आरोप, टाटा समूह के निदेशक विजय सिंह अगस्ता वेस्टलैंड घोटाले में शामिल

टाटा सन्स के पूर्व अध्यक्ष सायरस मिस्त्री ने समूह के एक निदेशक विजय सिंह पर 3600 करोड़ रुपये के अगस्ता वेस्टलैंड घोटाले में शामिल होने का आरोप लगाया है. नवभारत टाइम्स ने इस खबर को मुख्य पृष्ठ पर जगह दी है. खबर के मुताबिक मिस्त्री की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि इस मामले में बतौर रक्षा सचिव विजय सिंह मुख्य भूमिका में थे. इसके अलावा उन्होंने यह भी आरोप लगाया है कि उन्हें टाटा समूह के अध्यक्ष पद से हटाए जाने की साजिश में भी सिंह शामिल थे.

उधर, सिंह ने मिस्त्री के आरोप को खारिज किया है. उनके मुताबिक यह रक्षा सौदा उनकी सेवानिवृत्ति के बाद हुआ था. मिस्त्री का बयान ऐसे समय पर आया है जब टाटा सन्स ने उनपर आरोप लगाया है कि उन्होंने अध्यक्ष चुने जाने के लिए पैनल को गुमराह किया था.

रेलवे सुरक्षा कोष के लिए यात्रा किराया बढ़ाने पर विचार

भारतीय रेलवे अपने संसाधनों को बढ़ाने के लिए जल्द ही यात्रा किराए में बढ़ोतरी कर सकता है. दैनिक जागरण में छपी खबर के मुताबिक इसकी वजह वित्त मंत्रालय द्वारा सुरक्षा कोष बनाने संबंधी प्रस्ताव को खारिज किया जाना बताया गया है. रेलवे की योजना अब इसका भार यात्रियों के कंधे पर डालने की है.

अखबार के मुताबिक रेल मंत्रालय ने अपने प्रस्ताव में कहा था कि हादसों से बचाव के लिए पटरियों और सिग्नल व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए कई कदम उठाए जाने हैं. इसके लिए रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने वित्तमंत्री अरुण जेटली को पत्र लिखकर करीब 1.20 लाख करोड़ रुपये के प्रस्ताव को मंजूरी देने का आग्रह किया था. इसके जवाब में वित्त मंत्रालय ने रेलवे को किराया बढ़ाकर अपने संसाधन जुटाने की बात कही.