केंद्र सरकार ने केजरीवाल सरकार को एक और झटका दिया है. उसने शुक्रवार को दिल्ली के विधायकों के वेतन में 400 फीसदी बढ़ोतरी से जुड़े विधेयक को लौटा दिया. केजरीवाल सरकार को वैधानिक प्रक्रिया का पालन करते हुए विधेयक को सही प्रारूप में दोबारा भेजने का निर्देश दिया गया है. आज कई अखबारों ने इस खबर को पहले पन्ने पर जगह दी है. खबर के मुताबिक दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने विधायकों की ईमानदारी का दावा करते हुए वेतन को नाकाफी बताया है.

रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर द्वारा कश्मीर के लोगों पर सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत के बयान का समर्थन करने की खबर भी आज के अखबारों की प्रमुख सुर्खियों में शामिल है. रक्षा मंत्री ने कहा, ‘सेना सभी कश्मीरियों को आतंकवादी नहीं मानती, लेकिन अगर कोई सेना पर हमला करता है तो वह उसका जवाब देने के लिए आजाद है.’ इससे पहले सेना प्रमुख ने कश्मीर में आतंकियों का साथ देने वाले स्थानीय लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की चेतावनी दी थी.

संघ के निशाने पर मोदी सरकार की आर्थिक नीति

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने मोदी सरकार की आर्थिक नीति (मोदीनॉमिक्स) को लेकर उस पर निशाना साधा है. हिंदुस्तान टाइम्स की एक खबर के मुताबिक संघ के दूसरे सबसे बड़े पदाधिकारी दत्तात्रेय होसाबले ने देश में किसान खुदकुशी का मामला उठाया है. उन्होंने कहा कि पिछले एक दशक में इस मामले को लेकर सरकारों की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं देखी गई. दत्तात्रेय के मुताबिक इस दौरान एक लाख किसानों ने खुदकुशी की लेकिन, इस पर किसी सरकार ने ध्यान नहीं दिया.

दत्तात्रेय होसाबले ने आर्थिक नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि सरकार देश में आर्थिक समानता लाने में विफल रही है. उनका कहना था कि सरकार का ध्यान कुछ खास लोगों को अरबपति बनाने पर है. माना जा रहा है कि सरकार की आर्थिक नीतियों पर संघ का विश्वास कम हो रहा है.

चीन के साथ द्विपक्षीय व्यापार में भारत के व्यापार घाटे में बढ़ोतरी

पिछले दो वर्षों में तमाम कोशिशों के बावजूद चीन के साथ व्यापार घाटे को कम करने में मोदी सरकार को विफलता हाथ लगी है. दैनिक जागरण में छपी एक खबर के मुताबिक साल 2016 में यह व्यापार घाटा 46.56 अरब डॉलर रहा. इससे पहले 2015 में यह आंकड़ा 45 अरब डॉलर था. किसी देश द्वारा निर्यात से ज्यादा आयात करने को व्यापार घाटे के रूप में देखा जाता है.

अखबार के मुताबिक द्विपक्षीय व्यापार में चीन की बढ़त को लेकर कई स्तरों पर चिंता जाहिर की गई है. पिछले साल देश में चीनी उत्पादों के बहिष्कार को लेकर अभियान भी चलाया गया था. साथ ही, वित्त मंत्रालय में आर्थिक मामलों के सचिव शक्तिकांत दास ने भी भारतीय उत्पादों को चीन में लोकप्रिय बनाने की बात कही थी. इन सब के बावजूद चीन को होने वाले भारतीय निर्यात में गिरावट जारी है. साल 2016 में इससे पिछले साल के मुकाबले निर्यात में 12 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई.

चीन ने मसूद अजहर पर प्रतिबंध का समर्थन करने के लिए ठोस सबूत मांगे

चीन ने जैश-ए मोहम्मद प्रमुख मसूद अजहर पर प्रतिबंध का समर्थन करने के लिए ठोस सबूत की मांग की है. हिन्दुस्तान में प्रकाशित एक खबर के मुताबिक चीन का कहना है कि वह ठोस सबूतों के आधार पर ही संयुक्त राष्ट्र में अजहर के खिलाफ प्रतिबंध संबंधी प्रस्ताव का समर्थन कर सकता है. बताया जाता है कि 22 फरवरी को भारत के साथ होने वाली रणनीतिक वार्ता से पहले चीन ने यह दांव चला है. इसके अलावा एनएसजी में भारत की सदस्यता को लेकर मतभेद के बारे में चीनी विदेश मंत्रालय ने इसे स्वाभाविक रूख बताया है.

बीते जनवरी में चीन ने संयुक्त राष्ट्र में अजहर को वैश्विक आतंकवादी घोषित करने संबंधी प्रस्ताव को वीटो (खारिज) कर दिया था. इससे पहले भी वह इस तरह के प्रस्ताव पर एक बार अड़ंगा लगा चुका है. माना जाता है कि इसकी वजह पाकिस्तान को शर्मिंदगी से बचाना है. हालांकि, चीन ने अभी तक अजहर पर प्रतिबंध लगाने संबंधी प्रस्ताव का विरोध करने की कोई वजह नहीं बताई है.

फंड की कमी की वजह से मातृत्व लाभ योजना को सीमित करने की तैयारी

केंद्र सरकार के पास राजस्व की कमी का असर सामाजिक कल्याणकारी योजनाओं पर पड़ता हुआ दिख रहा है. द इंडियन एक्सप्रेस के पहले पन्ने पर छपी खबर के मुताबिक महिला और बाल कल्याण मंत्रालय ने मातृत्व लाभ योजना के फायदे को एक बच्चे तक ही सीमित कर दिया है. इसकी वजह इस योजना के लिए बजट में अपर्याप्त रकम का होना बताया गया है. पिछले साल 31 दिसंबर को प्रधानमंत्री ने राष्ट्र के नाम संबोधन में इस योजना का ऐलान करते हुए लाभार्थी महिला को दो बच्चों के लिए मातृत्व लाभ के तहत 6,000 रुपये देने की बात कही थी.

अखबार के मुताबिक केंद्र सरकार राज्यों पर भी अतिरिक्त राजस्व बोझ डालने जा रही है. इस योजना के लिए पहले जहां केंद्र 60 फीसदी रकम उपलब्ध करवाने वाला था वहीं, अब इसे घटाकर 50 फीसदी कर दिया है. इन बातों की पुष्टि करते हुए मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, ‘इस योजना को लागू किए जाने के लिए कैबिनेट नोट तैयार किया जा रहा है. साथ ही, प्रधानमंत्री कार्यालय के साथ भी चर्चा की जा रही है.’

आज का कार्टून

तमिलनाडु में बदलती राजनीतिक परिस्थितियों पर भाजपा की नजर पर द टाइम्स ऑफ इंडिया में प्रकाशित आज का कार्टून :