पश्चिम बंगाल में भाजपा महिला मोर्चा की नेता जूही चौधरी की गिरफ्तारी से उठे भूचाल की आंच पार्टी के कुछ बड़े नेताओं तक भी पहुंचती दिख रही है. जूही चौधरी को सीआईडी ने जलपाईगुड़ी स्थित एक अनाथालय से 17 शिशुओं की तस्करी के मामले में गिरफ्तार किया है. खबर के मुताबिक जूही चौधरी के खिलाफ कार्रवाई अनाथालय की संचालिका और इस मामले में मुख्य आरोपित चंदना चक्रवर्ती की गिरफ्तारी के बाद की गई. चंदना पर बच्चों को विदेशियों को बेचने का आरोप है. बताया जा रहा है कि सीआईडी पूछताछ में चंदना ने भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय और राज्यसभा सांसद रूपा गांगुली के भी इस मामले से जुड़े होने की बात कही है.

खबरों के मुताबिक चंदना का कहना है कि जूही चौधरी पिछले तीन वर्षों से बच्चों की तस्करी में शामिल रही हैं. उन्होंने यह भी कहा कि अगर इस मामले में कुछ गैर-कानूनी है तो इस बारे में केवल जूही ही जानती हैं. उनका दावा है कि जूही उन्हें दिल्ली लेकर गई थीं और इस दौरान उन्होंने कुछ भाजपा नेताओं से मुलाकात भी की थी.

उधर, कैलाश विजयवर्गीय ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया है. उन्होंने तृणमूल कांग्रेस पर आरोप लगाया है कि उसकी कोशिश पश्चिम बंगाल में भाजपा की छवि खराब करने की है. विजयवर्गीय ने चंदना चक्रवर्ती को जानने की बात से इनकार किया है. जूही चौधरी से उन्होंने सिर्फ एक बार मुलाकात होने की बात कही है. दूसरी ओर, रूपा गांगुली ने इस मामले में अपना नाम आने पर चंदना को पागल बताया है. उधर, सीआईडी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने साफ किया है कि जांच के दौरान जरूरत पड़ने पर भाजपा के दोनों नेताओं से पूछताछ की जा सकती है.