भाजपा अभी तक उत्तर प्रदेश के लिए अपना मुख्यमंत्री तय नहीं कर पाई है. मीडिया में आई खबरों के मुताबिक पार्टी अध्यक्ष अमित शाह ने उत्तर प्रदेश इकाई के अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य को ही मुख्यमंत्री तय करने की जिम्मेदारी दे दी है. इस बीच तबीयत खराब होने की वजह से मौर्य को दिल्ली के राम मनोहर लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया है. सोशल मीडिया में जहां लोगों ने उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है, वहीं इस घटनाक्रम के बहाने उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री पद के चयन में हो रही देरी को लेकर कई टिप्पणियां की हैं. फेसबुक पर तारा शंकर ने चुटकी ली है , ‘उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री चुनने का अंतिम तरीका ‘अक्कड़ बक्कड़ बंबे बो’ ही बचा है अब!’ वहीं गिरिराज अग्रवाल का कहना है, ‘उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश में स्पष्ट बहुमत के बावजूद पिछले पांच दिन में सीएम तय नहीं हो पाया. मणिपुर और गोवा में बहुमत से दूर होने पर भी सीएम तय करके शपथ भी हो गई. यानी यूपी-उत्तराखंड में जनता ने सेवा का मौका दिया है और गोवा-मणिपुर में सेवा करके ही मानेंगे.’

इधर गोवा की मनोहर पर्रिकर सरकार ने विश्वासमत हासिल कर लिया है. गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद बुलाए गए विधानसभा के विशेष सत्र के दौरान पर्रिकर सरकार ने सदन में विश्वास मत पेश किया. इसके समर्थन में 22 वोट पड़े और विरोध में 16. 40 सदस्यों की संख्या वाले सदन में बहुमत साबित करने के लिए 21 वोटों की जरूरत थी. इस खबर के चलते ट्विटर पर ’22 MLAs’ एक ट्रेंडिंग टॉपिक बना रहा. मनोहर पर्रिकर को मुख्यमंत्री बनने की बधाई देने के साथ-साथ यहां कुछ लोगों ने भाजपा के ऊपर विधायकों की खरीद-फरोख्त कर सरकार बनाने का आरोप लगाया है. राजद की राज्यसभा सदस्य मीसा भारती ने ट्वीट किया है, ‘मनोहर पर्रिकर ने बहुमत साबित किया और भाजपा ने खरीद फ़रोख़्त’.

इसके साथ ही आज गोवा में कांग्रेस के नेता रहे विश्वजीत राणे ने भी खूब सुर्खियां बटोरी हैं. उन्होंने अपनी विधानसभा सीट और पार्टी की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है. राणे ने गोवा में सबसे बड़ी पार्टी होने के बावजूद कांग्रेस की सरकार न बनने के लिए पार्टी महासचिव दिग्विजय को जिम्मेदार बताया था. माना जा रहा है कि अब वे भाजपा का दामन साधेंगे. सोशल मीडिया पर इस घटना को कांग्रेस के लिए झटका बताया जा रहा है. इस मामले पर नागेश एच त्रिपाठी ने ट्वीट किया है, ‘आज विश्वजीत राणे कांग्रेस से आजाद हुए... उन्हें आजादी की हार्दिक शुभकामनाएं.’

इन खबरों पर सोशल मीडिया में आई कुछ और प्रतिक्रियाएं :

अभय पांडे | @abhaypandeycs

उप्र में कोई मुख्यमंत्री पद का दावेदार नहीं मिल रहा हो तो साहब की खडाऊं लखनऊ में रखकर काम चलाया जा सकता है. रामराज में भी ऐसा होता रहा है.

तुलसी राम कनौजिया | facebook/tulsiram.kanaujia

अमित शाह ने कहा कि केशव प्रसाद मौर्य जिसके नाम पर मुहर लगा देंगे, वह उसी को मुख्यमंत्री बना देंगे. क्या ऐसा कहकर अमित शाह ने मौर्य को मुख्यमंत्री की रेस से बाहर कर दिया? अरे! कोई भला आदमी अपने नाम पर मुहर लगाएगा क्या?

कप्तान | facebook/kaptancartoonist

मुलाराम रामूराम | @mularam06

गोवा का मुख्यमंत्री बनने के लिए मनोहर पर्रिकर ने रक्षा मंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया है. गोवा जाने के लिए बंदा किसी भी हद तक जा सकता है.

इंडोपॉलिटी |‏ @Indopolity

गोवा कांग्रेस में सबसे ज्यादा नुकसान प्रताप सिंह राणे और उनके बेटे विश्वजीत राणे को उठाना पड़ा है. क्योंकि कांग्रेस की सरकार बनने पर इनमें से ही कोई एक मुख्यमंत्री होता.

संदीप अहीरे | facebook/sandeepahire234

…मतलब विश्वजीत राणे की सीट से अब मनोहर पर्रिकर जी चुनाव लड़ेंगे. कांग्रेस से अपने विधायक तो संभाले नहीं जाते और बातें बड़ी-बड़ी!