योगी आदित्यनाथ ने रविवार को उत्तर प्रदेश के 21वें मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ले ली. आज के करीब सभी अखबारों ने इस खबर को पहले पन्ने पर जगह दी है. केशव प्रसाद मौर्य और दिनेश शर्मा ने उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली. इनके साथ 44 विधायकों ने मंत्री के रूप में शपथ ग्रहण की. इनमें से 24 को कैबिनेट मंत्री, नौ को स्वतंत्र प्रभार वाले राज्यमंत्री और 13 को राज्यमंत्री का दर्जा दिया गया है. नई सरकार में एकमात्र मुस्लिम चेहरा मोहसिन रजा हैं. उन्हें राज्य मंत्री बनाया गया है.

हरियाणा में आरक्षण की मांग को लेकर पिछले 50 दिनों से प्रदर्शन कर रहे जाटों ने 15 दिनों के लिए अपना आंदोलन टाल दिया है. यह खबर भी आज के अखबारों की प्रमुख सुर्खियों में शामिल है. खबरों के मुताबिक जाट नेताओं और मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के बीच बैठक के बाद इसका ऐलान किया गया. हालांकि, अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के अध्यक्ष यशपाल मलिक ने कहा कि सरकार के आश्वासन पर भरोसा होने के बाद भी सांकेतिक धरना जारी रखा जाएगा.

देश में 23 विश्वविद्यालय और 279 तकनीकी कॉलेज फर्जी : यूजीसी

विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) और ऑल इंडिया कॉउन्सिल फॉर टेक्निकल ऐजुकेशन (एआईसीटीई) के मुताबिक पूरे देश में 279 तकनीकी कॉलेज फर्जी हैं. हिंदुस्तान टाइम्स ने इस खबर को पहले पन्ने पर जगह दी है. खबर के मुताबिक इनमें से सबसे ज्यादा 66 कॉलेज दिल्ली में स्थित हैं. ये बातें दोनों प्रमुख संस्थाओं द्वारा जारी वार्षिक रिपोर्ट में सामने आई हैं. साथ ही, यूजीसी के मुताबिक पूरे देश में फर्जी विश्वविद्यालयों की संख्या 23 है. इनमें भी सबसे ज्यादा सात विश्वविद्यालय दिल्ली में स्थित हैं.

एक अधिकारी के मुताबिक फर्जी कॉलेजों और विश्वविद्यालयों की सूची इनके खिलाफ उचित कार्रवाई करने के लिए संबंधित राज्य प्राधिकरणों के भेज दी गई है. उन्होंने आगे कहा कि इस संबंध में सार्वजनिक सूचना भी जारी कर दी गई है ताकि छात्र इन संस्थानों में नामांकन लेने से बच सकें. सरकार ने भी इस पर गंभीर रुख दिखाया है. मानव संसाधन विकास मंत्रालय में राज्य मंत्री महेंद्र नाथ पाण्डेय का कहना है कि राज्य सरकारों को फर्जी संस्थानों की जांच करने और उनकी पुलिस में शिकायत दर्ज कराने के लिए कहा गया है.

कॉरपोरेट कर्ज पुनर्गठन के प्रस्तावों को मंजूरी नहीं मिलने से एनपीए बढ़ने की आशंका

कॉरपोरेट कर्ज पुनर्गठन के प्रस्ताव को मार्च के अंत तक मंजूरी मिलने की संभावना नहीं है. बिजनेस स्टैंडर्ड की एक रिपोर्ट के मुताबिक इसकी वजह से ऐसे कर्ज एनपीए (फंसे हुए कर्ज) बन सकते हैं. अखबार के मुताबिक ऐसे खातों की संख्या 200 से ज्यादा है और बैंकों द्वारा सुस्ती दिखाए जाने की वजह से इनके पुनर्गठन प्रस्ताव अटके हैं. इससे अगले महीने से शुरु हो रहे नए वित्त वर्ष में कंपनियों के निवेश निर्णयों पर असर पड़ सकता है.

अखबार ने एक बड़ी कंपनी के वरिष्ठ अधिकारी के हवाले से कहा है कि कर्ज मंजूरी को लेकर 23 जनवरी से बैंकरों के रुख में बदलाव आया है. अब वे बैंक प्रबंधन और बोर्ड से हरी झंडी मिलने के बाद भी एक अतिरिक्त स्तर पर मंजूरी देना चाहते हैं. इससे कर्ज पुनर्गठन प्रस्ताव को मंजूरी मिलने में सुस्ती आ गई है. बताया जाता है कि 23 जनवरी, 2017 को किंगफिशर एयरलाइन्स (विजय माल्या) मामले में आईडीबीआई बैंक के अध्यक्ष योगेश अग्रवाल के साथ तीन अन्य बैंकरों को गिरफ्तार किए जाने के बाद सरकारी बैंक के अधिकारी इस मामले में अतिरिक्त सावधानी रख रहे हैं.

वयस्क बच्चों के अपने माता-पिता के साथ अभद्र व्यवहार करने पर उनको घर से निकालना सही : दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा है कि अगर वयस्क बच्चे अपने मां-बाप के साथ अभद्र व्यवहार करते हैं तो उनको घर से निकाला जा सकता है. जनसत्ता ने इसे पहले पन्ने पर जगह दी है. खबर के मुताबिक अदालत ने कहा है संपत्ति पर कानूनी अधिकार होने के चलते माता-पिता गलत व्यवहार करने वाले अपने वयस्क बच्चों को घर से बाहर निकाल सकते हैं. हाईकोर्ट ने यह भी कहा है वरिष्ठ नागरिकों को सम्मान के साथ रहने का अधिकार है.

दिल्ली हाईकोर्ट का महत्वपूर्ण आदेश एक पूर्व पुलिसकर्मी और उसके भाई की ओर से दायर याचिका पर आया है. इन दोनों ने रखरखाव न्यायाधिकरण के अक्तूबर, 2015 के आदेश को चुनौती दी थी जिसमें उन्हें अपने माता-पिता के मकान से बाहर निकलने के लिए कहा गया था. 2007 के माता पिता और वरिष्ठ नागरिकों का भरण पोषण और कल्याण कानून में 60 साल से अधिक उम्र के लोगों को कानूनी संरक्षण दिया गया है.

मणिपुर : पिछले चार महीने से जारी आर्थिक नाकाबंदी खत्म

मणिपुर में भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार ने सोमवार को विधानसभा में फ्लोर टेस्ट से पहले एक बड़ी सफलती हासिल कर ली है. द टाइम्स ऑफ इंडिया में प्रकाशित खबर के मुताबिक नई सरकार ने राज्य में पिछले चार महीने से जारी आर्थिक नाकाबंदी को खत्म करने लिए संयुक्त नगा परिषद (यूएनसी) को राजी कर लिया है. परिषद के साथ हुए समझौते में कहा गया है कि राज्य में नए जिलों के निर्माण के बारे में फैसला संबंधित पक्षों से बातचीत करने के बाद ही लिया जाएगा. पिछले साल कांग्रेस की इबोबी सरकार के सात नए जिले बनाने के फैसले के बाद यूएनसी ने दो प्रमुख राजमार्गों को बंद कर दिया था.

अखबार के मुताबिक राज्य के सेनापति जिला मुख्यालय में यूएनसी, राज्य सरकार और केंद्र सरकार के बीच बातचीत में इस नाकाबंदी को खत्म करने पर सहमति बनी. राज्य में पहली बार भाजपा की सरकार बनने के बाद मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह ने आर्थिक नाकाबंदी को सबसे पहले खत्म करने की बात कही थी. यूएनसी के साथ सरकार की अगली बैठक एक महीने के अंदर बुलाने की बात कही गई है.

आज का कार्टून

उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ के मुख्यमंत्री बनने पर द हिंदू में प्रकाशित आज का कार्टून :