‘रविशंकर प्रसाद ने नहीं संविधान ने मुस्लिमों को तवज्जो दी.’  

— असदुद्दीन ओवैसी, एआईएमआईएम के अध्यक्ष

हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद के बयान की आलोचना करते हुए यह बात कही. उन्होंने कहा कि संविधान ने मुस्लिमों को अधिकार दिए और उसी के तहत मुस्लिमों के अधिकार सुरक्षित किए गए. भाजपा को मुस्लिमों का वोट न मिलने पर उन्होंने कहा, ‘भारत जैसे लोकतांत्रिक देश में हमें अपना नेता चुनने की पूरी आजादी है.’ उन्होंने यह भी कहा कि सरकार को मुस्लिमों को मिले संवैधानिक अधिकारों को अच्छे से लागू करने के लिए काम करना चाहिए. आज अपने बयान का बचाव करते हुए रविशंकर प्रसाद ने कहा कि मोदी सरकार सभी धर्म के लोगों का विकास करने में यकीन करती है और वह इसके लिए वोट बैंक को मापदंड नहीं मानती.

‘बिहार के लोग दूसरे राज्य पर बोझ नहीं बनते.’  

— नीतीश कुमार, बिहार के मुख्यमंत्री

अपनी पार्टी जनता दल यूनाइटेड का विस्तार बिहार से बाहर भी करने में जुटे राज्य के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने यह बयान मुंबई में दिया. शिवसेना और एमएनएस जैसे दलों पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि बिहार के लोग जहां काम करते हैं वहां लोगों को रोजगार देते हैं. नीतीश कुमार ने कहा कि यही बात उन्हें खुशी और संतुष्टि देती है. मुंबई में बिहार और उत्तर भारत के काफी लोग रहते हैं. शिवसेना और मनसे अक्सर उत्तर भारतीयों पर मुंबई में भीड़ बढ़ाने का आरोप लगाती हैं.


‘आर्थिक सुधारों के लिए ऐसा जनसमर्थन पहले किसी के पास नहीं था.’  

— अरुण जेटली, केंद्रीय वित्त मंत्री

अमेरिका के दौरे पर गए केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली का यह बयान अमेरिकी अधिकारियों को संबोधित करते आया. उन्होंने कहा कि पिछले ढाई दशक में हुए आर्थिक सुधार टुकड़ों में इसलिए हुए क्योंकि तेजी से सुधार करने से राजनीतिक नुकसान होने का खतरा रहता था. अरुण जेटली ने आगे कहा कि अब वैसी स्थिति नहीं रही. उनके मुताबिक चुनाव में भाजपा को लगातार मिल रही जीत संकेत है कि जनता अब तेज आर्थिक सुधार चाहती है. वित्त मंत्री ने भारत-अमेरिका संबंधों की मजबूती के लिए ट्रंप प्रशासन के साथ काम करने की इच्छा भी जताई.


‘मुझे अजान पसंद है पर सोनू निगम की राय का भी सम्मान किया जाना चाहिए.’  

— कंगना रनोट, अभिनेत्री

अभिनेत्री कंगना रनोट का यह बयान अजान के लिए लाउडस्पीकर के इस्तेमाल पर गायक सोनू निगम की आपत्ति पर आया. उन्होंने कहा कि वे सभी धर्मस्थलों पर जाती है और सभी धर्मों का सम्मान करती हैं. कंगना रनोट ने आगे कहा कि किसी भी मुद्दे पर सभी को अपनी बात रखने का हक है और उस पर विचार किया जाना चाहिए. उनका यह भी कहना था कि सोशल मीडिया भी इसीलिए चलन में आया है कि हर कोई अपनी बात रख सके. सोनू निगम ने मस्जिद के साथ-साथ अन्य धार्मिक स्थलों पर लाउडस्पीकर के इस्तेमाल पर सवाल उठाया था.


‘अगर प्रधानमंत्री नवाज शरीफ एक हफ्ते के भीतर इस्तीफा नहीं देते तो उनके खिलाफ आंदोलन किया जाएगा.’  

— जुल्फिकार चौधरी, लाहौर हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष

जुल्फिकार चौधरी का यह बयान पाकिस्तानी सुप्रीम कोर्ट द्वारा पनामा पेपर्स लीक मामले में नवाज शरीफ के खिलाफ दोबारा जांच का आदेश दिए जाने के बाद आया. उन्होंने कहा कि अगर नवाज शरीफ इस्तीफा नहीं देते हैं तो 2007 में चीफ जस्टिस इफ्तिखार चौधरी की बर्खास्तगी के बाद हुए वकीलों के आंदोलन से भी बड़ा आंदोलन किया जाएगा. इस्तीफे की मांग को जायज ठहराते हुए जुल्फिकार चौधरी ने कहा कि इस प्रकरण में नाम आने के बाद दुनिया भर में सार्वजनिक पदों पर बैठे अपने पदों से इस्तीफा दे चुके हैं, लेकिन पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इस्तीफा न देने पर अड़े हुए हैं.