सुप्रीम कोर्ट ने निर्भया मामले में चारों दोषियों को मिली मौत की सजा बरकरार रखी है. इस खबर को आज के सभी अखबारों ने पहले पन्ने पर प्रमुखता से जगह दी है. खबरों के मुताबिक शीर्ष अदालत ने भी दिल्ली हाई कोर्ट की तरह ही निचली अदालत के फैसले पर मुहर लगाई जिसने मुकेश, पवन, विनय और अक्षय को मौत की सज़ा सुनाई थी. शीर्ष अदालत ने कहा कि इस दुर्लभ से दुर्लभतम मामले में न्याय सुनिश्चित किए जाने के लिए अधिकतम सजा देना जरुरी है. सुप्रीम कोर्ट ने 27 मार्च को इस मामले में अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था.

उत्तर प्रदेश के पूर्व मंत्री शिवपाल यादव ने समाजावादी सेकुलर मोर्चा बनाने का ऐलान किया है. यह खबर भी आज के अखबारों की प्रमुख सुर्खियों में शामिल है. उन्होने इस मौके पर कहा, ‘नेता जी (मुलायम) को उनका सम्मान वापस दिलाने और समाजवादियों को एक साथ लाने के लिए इस मोर्चे का जल्द गठन होगा. नए मोर्चे के मुखिया 77 वर्षीय मुलायम सिंह यादव होंगे.’ इसके अलावा सरकार द्वारा हवाई यात्रा के दौरान उद्दंडता करने वाले यात्रियों पर लगाम लगाने की खबर को भी अखबारों ने प्रमुखता से छापा है.

20 साल में महिलाओं के खिलाफ अपराध में 200 फीसदी से अधिक की बढ़ोतरी

देश में 1995 से 2015 के दौरान महिलाओं के खिलाफ अपराध में 200 फीसदी से अधिक बढ़ोतरी दर्ज की गई है. इस अवधि में यह आंकड़ा 79,000 से बढ़कर 2.47 लाख हो गया. द टाइम्स ऑफ इंडिया में प्रकाशित एक खबर के मुताबिक दो दशक पहले महिलाओं के खिलाफ अपराध की दर 185.1 प्रति लाख थी जो 2015 में बढ़कर 234.2 हो गई.

अखबार ने एनसीआरबी के आंकड़ों के हवाले से कहा है कि पिछले दो दशक में महिलाओं पर उनके पति या संबंधियों द्वारा की गई हिंसा के मामले में तिगुनी बढ़ोतरी दर्ज की गई है. 1995 में इस तरह के कुल 29,000 मामले दर्ज किए गए थे जो 20 साल बाद 1.13 लाख हो गए. महिलाओं के साथ दुष्कर्म के मामलों में भी इस दौरान 152 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है.

त्रिपुरा : मां ने 200 रुपये में बच्चे को बेचा

त्रिपुरा स्थित गंडाचेरा इलाके में दो साल के बच्चे को 200 रु में बेचने का मामला सामने आया है. राजस्थान पत्रिका की एक खबर के मुताबिक बच्चे की मां की आर्थिक स्थिति गरीबी रेखा से नीचे की है. बच्चे के पिता खानजॉय रियांग ने इस बात की जानकारी दी. उन्होंने बताया, ‘मैंने बच्चे को नहीं बेचने के लिए कहा था लेकिन, उसने (बच्चे की मां) ने ऐसा कर दिया.’ इससे पहले भी राज्य में एक आदिवासी महिला ने अपने पति के इलाज के लिए अपने 11 दिन के बच्चे को 5,000 रुपये में बेच दिया था.

हरियाणा सरकार ने अवैध बूचड़खानों को बंद करने का ऐलान किया

उत्तर प्रदेश के बाद हरियाणा सरकार ने अवैध बूचड़खानों को बंद करने का ऐलान किया है. जनसत्ता ने इसे मुख्य पृष्ठ पर जगह दी है. अखबार के मुताबिक सरकार ने अवैध रूप से चल रहे बूचड़खानों को 10 दिनों के भीतर बंद करने के आदेश दिए हैं. इससे पहले 18 अप्रैल को मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने स्थानीय निकाय विभाग को इन दुकानों का सर्वे करने का निर्देश दिया था. इस सर्वे में पता चला है कि राज्य में अवैध बूचड़खानों की संख्या 1350 है.

स्थानीय निकाय मंत्री कविता जैन ने अखबार को बताया, ‘मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में हरियाणा नगर निगम (मांस बिक्री अधिनियम)- 2008 को सख्ती से लागू किए जाने का निर्देश दिया गया है.’ उन्होंने आगे कहा, ‘इसके तहत उन दुकानदारों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी जो नियमों का उल्लंघन करके जानवरों की हत्या और मांस की बिक्री कर रहे हैं.’

केंद्र सरकार ने असम को अफ्स्पा के तहत और तीन महीने के लिए अशांत क्षेत्र घोषित किया

केंद्र सरकार ने असम को सशस्त्र बल विशेषाधिकार अधिनियम (अफ्स्पा) के तहत और तीन महीने के लिए अशांत क्षेत्र घोषित कर दिया है. द हिंदू की एक रिपोर्ट के मुताबिक सरकार ने यह फैसला उल्फा, एनडीएफबी और अन्य विद्रोही समूहों की विभिन्न हिंसक गतिविधियों का हवाला देते हुए उठाया है. गृह मंत्रालय द्वारा जारी अधिसूचना में कहा गया है कि मेघालय से लगे सीमावर्ती क्षेत्रों के अलावा समूचे असम को अफ्स्फा के तहत तीन मई से तीन और महीने के लिए अशांत घोषित कर दिया गया है. मंत्रालय ने कहा कि असम में 2016 में हिंसा की 75 घटनाएं हुईं, जिनमें 33 लोग मारे गए.

आज का कार्टून

केंद्र सरकार द्वारा हवाई यात्रा के दौरान उद्दंडता करने वाले यात्रियों के खिलाफ सख्ती पर द इंडियन एक्सप्रेस में प्रकाशित आज का कार्टून :