पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में चुनाव की कवायद पर भारत ने नाराजगी जताई है. गिलगित-बाल्टिस्तान इलाके में इस महीने की आठ तारीख को चुनाव होंगे. 24 सदस्यीय असेंबली के लिए होने वाले इन चुनावों को अवैध बताते हुए भारत ने इसे पाकिस्तान द्वारा अपनी सीमा के अंदर अवैध हस्तक्षेप करार दिया है. एक समाचार एजेंसी के मुताबिक विदेश मंत्रालय की तरफ से इस बाबत एक बयान भी जारी किया गया है. इसमें कहा गया है, 'गिलगित-बाल्टिस्तान में आठ जून को होने वाले चुनाव पाकिस्तान द्वारा इन इलाकों में अपने गैर कानूनी कब्जे को छिपाने की कोशिश है.'
भारत ने इसे पाकिस्तान द्वारा अपनी सीमा के अंदर अवैध हस्तक्षेप करार दिया है.
विदेश मंत्रालय ने अपने बयान में यह भी साफ किया है कि इस इलाके के साथ ही समूचा जम्मू-कश्मीर भारत का अभिन्न हिस्सा है. इस पूरे मामले पर चिंता जताते हुए विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता विकास स्वरूप ने कहा कि पाकिस्तान ऐसा करके इस क्षेत्र में रह रहे लोगों के राजनीतिक अधिकार छीन रहा है. उन्होंने यह भी कहा है कि भारत इस पूरे प्रकरण पर अपनी निगाह रखे हुए है. यह दूसरी बार है जब इस इलाके में चुनाव हो रहे हैं. इससे पहले 2009 में भी यहां चुनाव हुए थे. गौरतलब है कि गिलगित-बाल्टिस्तान के इलाके को पहले पाकिस्तान में नॉर्दन एरियाज कहा जाता था. तब इसका प्रशासन वहां का एक मंत्रालय चलाता था. 2009 में पाकिस्तान ने इस पूरे इलाके में एक स्वायत्त व्यवस्था बना दी जिसके तहत चुनाव की यह व्यवस्था की गई है. अंतर्राष्ट्रीय नजरिए से बात की जाय तो संयुक्त राष्ट्र संघ ने इस पूरे इलाके को विवादित क्षेत्र की श्रेणी में रखा हुआ है.
बीएसएनएल सेवा रोमिंग-फ्री होगी 
बीएसएनएल की सेवा इस्तेमाल करने वाले देश भर के मोबाइल उपभोक्ताओं के लिए एक अच्छी खबर है. केंद्र सरकार ने इस सरकारी दूरसंचार सेवा को रोमिंग- फ्री करने का फैसला किया है. इस महीने की 15 तारीख से ऐसा हो जाएगा. इस बात की जानकारी केंद्रीय संचार मंत्री रविशंकर प्रसाद ने दी है. उन्होंने अगले दो साल के भीतर देश भर के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर बीएसएनएल की वाई-फाई सेवा शुरू करने की बात भी कही है. एनडीए ने पिछले साल लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान वादा किया था कि यदि केंद्र में उसकी सरकार बनी तो नेशनल रोमिंग को खत्म कर दिया जाएगा. इस फैसले को अमली जामा पहनाने की शरुआत पिछले महीने ही हो गई थी जब दूरसंचार नियामक संस्था यानी ट्राई के आदेश के बाद बीएसएनएल ने अपने प्रीपेड और पोस्टपेड मोबाइल कनेक्शन के लिए रोमिंग दरों में 40 फीसदी की कटौती कर दी थी. इसके अलावा सरकार ने तब बीएसएनएल के लैंडलाइन फोन से रात में कॉलिंग सेवा भी मुफ्त कर दी थी. एक मई से शुरू हुई उस स्कीम के तहत बीएसएनएल उपभोक्ताओं को देशभर में किसी भी ऑपरेटर (मोबाइल फोन सहित) को रात में 9 बजे से सुबह 7 बजे तक निशुल्क फोन काल की सुविधा दी जा रही है. सरकार के उस और इस (रोमिंग फ्री) फैसले को बीएसएनल के ग्राहकों की लगातार घट रही संख्या को रोकने की दिशा में उठाया गया कदम भी बताया जा रहा है.
आरबीआई ने रेपो दर घटाई, कर्ज चुकाना पहले से आसान होगा 
उम्मीदों के मुताबिक रिजर्व बैंक ने ब्याज दरों को घटाने का फैसला कर दिया है. इस फैसले के जरिए उसने नीतिगत ब्याज दरों में 0.25 प्रतिशत की कटौती की है. इस कटौती के बाद आरबीआई की अल्पकालिक ब्याज दर (रेपो रेट) 7.5 प्रतिशत से घटकर 7.25 प्रतिशत हो गई है. हालांकि आरबीआई ने बैंकों पर लागू आरक्षित नकदी अनुपात (सीआरआर) तथा साविधिक तरलता अनुपात (एसएलआर) को पहले की भांति ( चार तथा 21.5 प्रतिशत ) बरकरार रखा है. साल भर में यह तीसरी बार है जब रेपो दरों में कटौती की गई है. रिजर्व बैंक द्वारा रेपो दर में कटौती किए जाने से उपभोक्ताओं को कर्ज चुकाने में पहले के मुकाबले थोड़ी राहत मिल सकेगी. रिजर्व बैंक के इस फैसले को आर्थिक जानकारों ने सकारात्मक कदम बताया है. रेपो दर उस ब्याज दर को कहते हैं, जिस पर केंद्रीय बैंक द्वारा अन्य बैंकों को उधार दिया जाता है. ऐसे में इस दर के कम होने से कर्ज लेना स्वाभाविक रूप से सस्ता हो जाता है. रिजर्व बैंक के फैसले की जानकारी देते हुए गवर्नर रघुराम राजन का कहना था कि निवेश तथा ऋण वृद्धि में नरमी को देखते हुए नीतिगत ब्याज दरों में कटौती करना जरूरी था. हालांकि उन्होंने इस बात के संकेत भी दिए कि निकट भविष्य में इस दर में और कटौती किया जाना मुनासिब नहीं होगा.