प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बाद अब शिव सेना ने भी गोरक्षा के नाम पर लोगों की हत्या की आलोचना की है. खबर के मुताबिक पार्टी के मुखपत्र सामना में प्रकाशित संपादकीय में इसे हिंदुत्व के खिलाफ बताया है. साथ ही इसमें गोरक्षकों को निशाने पर लेते हुए कहा गया है कि ऐसे लोग कल तक हिंदू थे, लेकिन आज हत्यारे बन गए हैं. इसके अलावा शिव सेना ने प्रधानमंत्री मोदी से गोमांस के मुद्दे पर तनाव कम करने के लिए एक राष्ट्रीय नीति लाने की अपील की है. पार्टी मुखपत्र में गोमांस के मुद्दे को खाने की आदतों और कारोबार से संबंधित बताया गया है.

शिव सेना ने बीते हफ्ते प्रधानमंत्री मोदी द्वारा गोभक्ति के नाम हत्या की निंदा करने को लेकर उनकी तारीफ की है. पिछले हफ्ते प्रधानमंत्री ने अहमदाबाद के साबरमती आश्रम में गोरक्षकों को सख्त संदेश दिया था. उन्होंने कहा था कि किसी को भी गोरक्षा के नाम पर कानून अपने हाथ में लेने की अनुमति नहीं है. प्रधानमंत्री मोदी के अलावा भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने भी इन घटनाओं को गंभीर बताया था. हालांकि, उन्होंने दावा किया था कि मोदी सरकार की तुलना में पहले की सरकारों में इस तरह की ज्यादा घटनाएं हुई हैं.

बीते कुछ समय में देश के कई राज्यों में गोरक्षा के नाम पर भीड़ द्वारा लोगों की पीट-पीटकर हत्या की गई है. पिछले हफ्ते ही झारखंड के रामगढ़ में गुस्साई भीड़ ने गोमांस रखने के संदेह के आधार पर अलीमुद्दीन नाम के एक शख्स की पीट-पीटकर हत्या कर दी थी. इससे पहले ऐसी ही एक भीड़ ने हरियाणा के एक किशोर जुनैद खान की ट्रेन में हत्या कर दी थी. वहीं अप्रैल में राजस्थान के अलवर में कथित गोरक्षकों ने गायें ले जा रहे पहलू खान की हत्या कर दी थी.