Play

भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान मिताली राज के नाम महिला क्रिकेट में सबसे ज्यादा रिकॉर्ड दर्ज हैं. शायद इसीलिए महिला क्रिकेट में उन्हें रिकार्ड्स की महारानी कहा जाता है. उनके इन रिकार्ड्स की एक खासियत यह भी है कि उन्होंने ये केवल एक बल्लेबाज के तौर पर ही नहीं बल्कि एक खिलाड़ी और कप्तान तौर भी बनाए हैं. वे महिला क्रिकेट में सबसे ज्यादा वनडे मैच खेलने वाली दुनिया की दूसरी खिलाड़ी और कप्तान हैं.

वनडे क्रिकेट में 6000 रनों का आंकड़ा छूने वाली एक मात्र महिला खिलाड़ी

मिताली राज महिला वनडे क्रिकेट में 6000 रनों का आंकड़ा छूने वाली दुनिया की एक मात्र महिला खिलाड़ी हैं. यहां तक पहुंचने के लिए उन्होंने 164 पारियां खेली हैं. इस मामले में पुरुष क्रिकेट के कई दिग्गज खिलाड़ी उनसे पीछे हैं. सचिन तेंदुलकर, रिकी पोंटिंग, वीरेंद्र सहवाग और महेंद्र सिंह धोनी को भी 6000 रन के आंकड़े तक पहुंचने के लिए मिताली से ज्यादा पारियां खेलनी पड़ी थीं.

अर्धशतक स्पेशलिस्ट

मिताली राज को अर्धशतक बनाने का स्पेशलिस्ट बल्लेबाज माना जाता है. इस मामले में उनके नाम कई रिकॉर्ड दर्ज हैं. वे महिला वनडे क्रिकेट में लगातार सात अर्धशतक लगाने वाली इकलौती खिलाड़ी हैं. इसके अलावा मिताली ने वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा 49 अर्धशतक लगाए हैं.

बल्लेबाजी औसत के मामले में भी सबसे आगे

वे दुनिया की एक मात्र ऐसी महिला खिलाडी हैं जिसने 100 से ज्यादा वनडे मैच खेलने के बाद भी 52 के औसत को छुआ है. इस समय भी उनका औसत 51 से ज्यादा का बना हुआ है. मिताली राज के खेल में निरंतरता का पता इस बात से चलता है कि वे पिछले दस साल से ज्यादा समय से लगातार दुनिया के टॉप चार बल्लेबाजों की सूची में बनी हुई हैं. इस दौरान वे कई बार पहले नंबर पर भी रही हैं.

पुरुष और महिला दोनों तरह के क्रिकेट में सबसे कम उम्र में शतक लगाने वालीं दुनिया की दूसरी खिलाड़ी

मिताली राज ने अपने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट करियर की शुरुआत 1999 में आयरलैंड के खिलाफ एक वनडे मैच से की थी. अपने इस पहले मैच में ही उन्होंने नाबाद 114 रनों की पारी खेली थी. उस समय उनकी उम्र महज 16 साल और 250 दिन थी. वे महिला क्रिकेट में ऐसा करने वाली सबसे कम उम्र की खिलाड़ी हैं. साथ ही अगर पुरुष और महिला दोनों टीमों को मिलाकर देखें तो दुनिया भर में मिताली इस मामले में केवल पाकिस्तानी क्रिकेटर शाहिद आफरीदी से ही पीछे रह जाती हैं. शाहिद आफरीदी ने 16 साल और 217 दिन की उम्र में शतक लगाया था.

पुरस्कार

मिताली राज की उपलब्धियों को देखते हुए भारत सरकार ने उन्हें साल 2003 में अर्जुन पुरस्कार और 2015 में देश के चौथे सबसे बड़े नागरिक सम्मान पद्म श्री से सम्मानित किया. साल 2015 में ही मिताली दुनिया की ऐसी पहली महिला खिलाड़ी बनीं जिन्हें प्रतिष्ठित ‘विजडन इंडियन क्रिकेटर ऑफ द ईयर’ से सम्मानित किया गया.