भ्रष्टाचार के आरोपों में प्रधानमंत्री का पद खो चुके नवाज़ शरीफ के बाद पाकिस्तान में अब क्रिकेटर से नेता बने इमरान खान के लिए मुश्किलें पैदा होती दिख रही हैं. ख़बरों के मुताबिक इमरान पर उन्हीं की पार्टी- पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) की एक महिला नेता आयशा गुललाई ने सनसनीख़ेज़ आरोप लगाए हैं. जबकि एक अन्य मामले में इमरान को संसद सदस्यता के लिए अयोग्य ठहराने की मांग संबंधी याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई शुरू होने वाली है.

एनडीटीवी के मुताबिक आयशा गुललाई पाकिस्तान के ख़ैबर पख़्तूनख़्वा से ताल्लुक रखती हैं. वे नेशनल असेंबली में संघ शासित कबीलाई इलाके (एफएटीए) से महिलाओं के लिए आरक्षित सीट से पीटीआई के टिकट पर चुनी गई थीं. लेकिन अब उन्होंने पार्टी और संसद की सदस्यता छोड़ते हुए पत्रकार वार्ता के दौरान इमरान और अन्य नेताओं पर कई आरोप लगाए हैं. उनके मुताबिक, ‘इमरान ने मुझे मोबाइल पर आपत्तिजनक संदेश भेजे. मुझे ही नहीं पार्टी की अन्य महिला नेताओं को भी वे इसी तरह के भद्दे संदेश भेजते हैं. पीटीआई में महिलाओं का सम्मान सुरक्षित नहीं है. लेकिन मेरे लिए मेरा सम्मान बहुत मायने रखता है. मैं इससे समझौता नहीं कर सकती. इसलिए मैं इस्तीफा दे रही हूं.’ उन्होंने कहा, ‘पार्टी के एक अन्य वरिष्ठ नेता और ख़ैबर पख़्तूनख़्वा के मुख्यमंत्री परवेज़ ख़टक भी माफिया बॉस की तरह व्यवहार करते हैं.’

उधर जियो न्यूज़ की ख़बर के मुताबिक सुप्रीम कोर्ट में इमरान खान से जुड़ी एक याचिका पर बुधवार से ही सुनवाई शुरू होने वाली है. यह याचिका नवाज़ शरीफ की पार्टी पीएमएल-एन (पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज़) के नेता हनीफ अब्बासी ने दायर की है. इसमें अदालत से मांग की गई है कि इमरान को नेशनल असेंबली की सदस्यता के लिए अयोग्य घोषित किया जाए. क्योंकि उन्होंने अपनी संपत्ति के बारे में चुनाव घोषणा पत्र में ग़लत जानकारी दी. इसके अलावा अपनी पार्टी को विदेश से मिले चंदे के बारे में भी अहम जानकारियां छिपाई हैं. इस याचिका पर सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस मियां साक़िब निसार और जस्टिस उमर अता बंदियाल तथा फैसल अरब की बेंच सुनवाई करने वाली है.