केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली मानहानि के मुकदमे से शुरू हुई लड़ाई में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को कोई छूट देते नहीं दिखाई दे रहे हैं. समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक बुधवार को उन्होंने दिल्ली हाई कोर्ट में अरविंद केजरीवाल के खिलाफ झूठी गवाही की कार्यवाही शुरू करने की अर्जी लगाई है. अरुण जेटली ने इसमें अरविंद केजरीवाल पर दिल्ली हाई कोर्ट में झूठा हलफनामा देने का आरोप लगाया है. इस हलफनामे में अरविंद केजरीवाल ने कहा था कि उन्होंने अपने वकील राम जेठमलानी को मानहानि मुकदमे में जिरह के दौरान अरुण जेटली के खिलाफ आपत्तिजनक इस्तेमाल करने का कोई निर्देश नहीं दिया था. केंद्रीय मंत्री की अर्जी पर अदालत ने अरविंद केजरीवाल से जवाब मांगा है.

यह पूरा विवाद आम आदमी पार्टी (आप) के नेताओं द्वारा अरुण जेटली पर लगाए गए भ्रष्टाचार के आरोप से जुड़ा है. इस पर अरुण जेटली ने अरविंद केजरीवाल सहित अन्य आप नेताओं पर 10 करोड़ रुपये का मानहानि का मुकदमा कर दिया था. इसी मामले की जिरह के दौरान अरविंद केजरीवाल के वकील राम जेठमलानी ने अरुण जेटली को ‘धूर्त’ कह दिया था. इस पर विवाद होने पर राम जेठमलानी ने कहा था कि उन्होंने अरविंद केजरीवाल के निर्देश पर इस शब्द का इस्तेमाल किया है. लेकिन अदालत में दिए हलफनामे में अरविंद केजरीवाल ने इस बात को गलत बताया था.

हालांकि, इस विवाद के बाद राम जेठमलानी ने अरविंद केजरीवाल के मुकदमे की पैरवी से अलग कर लिया था. इसके साथ उन्होंने अरविंद केजरीवाल पर झूठ बोलने का भी आरोप लगाया था. राम जेठमलानी का यह भी कहना था कि इसको लेकर उनके और अरुण जेटली के बीच सुलह हो गई है. हालांकि, इस शब्द के इस्तेमाल के बाद अरुण जेटली ने अपने मानहानि के हर्जाने में 10 करोड़ रुपये का इजाफा कर दिया था.