प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने विवादित मीट निर्यातक मोइन कुरैशी को गिरफ्तार कर लिया है. द इंडियन एक्सप्रेस के अनुसार ईडी ने शुक्रवार को मनी लॉन्डरिंग मामले में पूछताछ के लिए मोइन कुरैशी को दिल्ली बुलाया था, जिसके बाद देर रात उन्हें गिरफ्तार कर लिया था. उन्हें प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्डरिंग एक्ट (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया गया है. अधिकारियों ने उन पर मनी लॉन्डरिंग मामले की जांच में सहयोग न करने का आरोप लगाया है.

प्रवर्तन निदेशालय मोइन कुरैशी के खिलाफ दर्ज दो एफआईआर को लेकर पहले भी कई बार पूछताछ कर चुका है. रिपोर्ट के मुताबिक इस साल दर्ज कराई गई हालिया एफआईआर में मोइन कुरैशी के साथ सीबीआई के पूर्व निदेशक एपी सिंह का भी नाम शामिल है. ईडी ने इससे पहले 2015 में आयकर विभाग की एक शिकायत के आधार पर कुरैशी के खिलाफ मनी लॉन्डरिंग का मामला दर्ज किया था.

मीट निर्यातक मोइन कुरैशी पर कर चोरी और भ्रष्टाचार जैसे आरोप भी हैं. इनकी जांच आयकर विभाग और केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) कर रही है. आयकर विभाग 2015 में बने काले धन की घोषणा संबंधी नए कानून के तहत यह जांच कर रहा है. आयकर विभाग का आरोप है कि मोइन कुरैशी ने नए कानून के तहत विदेश में मौजूद अपनी और अपने परिवार के मालिकाना हक वाली कई संपत्तियों की जानकारी आयकर अधिकारियों को नहीं दी है. मोइन कुरैशी के खिलाफ यह मामला 2014 में आयकर विभाग की छापेमारी में सामने आया था.