इसे झकझोर देने वाली घटना ही कहा जा सकता है. लोग अपनी काली करतूतों से अब मंदिर परिसरों को भी नहीं बख़्श रहे हैं. इसकी मिसाल इसी शुक्रवार को सामने आई जब उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले की पुलिस ने बरसाना के राधारानी मंदिर के चौकीदार कन्हैया यादव को ओडिशा की एक 50 वर्षीय महिला से बलात्कार के आरोप में पकड़ा. द टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक उसने अपने साथी कर्मचारी राजेंद्र ठाकुर के साथ मिलकर मंदिर परिसर में ही इस घटना को अंजाम दिया था. मंदिर में रसोइए का काम करने वाला राजेंद्र अब तक पुलिस की गिरफ्त में नहीं आ पाया है.

पुलिस के मुताबिक घटना इसी सोमवार (11 सितंबर) की है. महिला रात में मंदिर के हॉल में ही सो रही थी. तभी दोनाें आरोपित उसे वहां से जबर्दस्ती उठाकर मंदिर परिसर में ही एक सुनसान जगह ले गए और वहां उसके साथ बलात्कार किया. पीड़ित ने मीडिया से बातचीत में आरोप लगाया कि इस घटना के बाद वह पुलिस थाने गई. लेकिन वहां उसकी रिपोर्ट दर्ज़ नहीं की गई. इसके बाद उसने मथुरा के एसएसपी (वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक) स्वप्निल ममगई से शिकायत की. तब कहीं उनके दख़ल के बाद 14 तारीख़ को रिपोर्ट दर्ज़ की गई.

इस बाबत एसएसपी ममगई ने बताया, ‘पीड़ित महिला का मेडिकल परीक्षण कराया गया है. आरोपितों के ख़िलाफ सामूहिक बलात्कार के आरोप में केस दर्ज़ कर लिया गया है. मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी (क्लोज सर्किट टेलीविजन) कैमरों के फुटेज भी मंगा लिए गए हैं. उनकी पड़ताल की जा रही है. बरसाना के थाना प्रभारी से भी यह पूछताछ की जा रही है कि उन्होंने महिला की शिकायत पर मामला दर्ज़ क्यों नहीं किया. अगर जांच में उनके ख़िलाफ पीड़ित महिला के आरोप सही पाए गए तो थाना प्रभारी के ख़िलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी.’ ख़बरों के मुताबिक मंदिर प्रबंधन ने दोनों आरोपितों को भी उनके पदों से बर्खास्त कर दिया है.