चीन ने तिब्बत से होकर नेपाल सीमा तक जाने वाले एक हाईवे को यातायात के लिए खोल दिया है. खबरों के मुताबिक रणनीतिक रूप से अहम 40 किलोमीटर लंबे इस हाईवे का जरूरत पड़ने पर सैन्य इस्तेमाल भी हो सकता है. चीनी सरकार का मुखपत्र माने जाने वाले ग्लोबल टाइम्स की एक रिपोर्ट में विशेषज्ञों ने कहा है कि इससे एशिया की इस महाशक्ति का दक्षिण एशिया में दखल भी बढ़ेगा.

चीन बीते कुछ समय से न सिर्फ तिब्बत और नेपाल के बीच सड़क संपर्क सुधार रहा है बल्कि इन दोनों इलाकों को जोड़ने वाली रेल लाइन की योजना पर भी मजबूती से काम कर रहा है. बीते साल नेपाल के तत्कालीन प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली के अनुरोध पर चीन ने दोनों देशों के बीच रणनीतिक रेलवे लिंक बनाने पर सहमति जताई थी. इसका मकसद नेपाल की भारत पर निर्भरता कम करना था.

चीनी अधिकारियों का यह भी कहना है कि यह विस्तार आगे भूटान, भारत और बांग्लादेश तक भी हो सकता है. उनके मुताबिक अगर भारत साथ दे तो यह योजना दोनों देशों के बीच एक आर्थिक गलियारे का रूप भी ले सकती है.