बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (बीएचयू) प्रशासन लड़कियों की सुरक्षा को लेकर बीते हफ्ते के हंगामे के बाद सतर्क होता दिखाई दे रहा है. द इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक विश्वविद्यालय प्रशासन ने गुरुवार को प्रोफेसर रोयना सिंह को नया चीफ प्रॉक्टर नियुक्त कर दिया. वे बीएचयू के इतिहास में चीफ प्रॉक्टर पद पर पहुंचने वाली पहली महिला हैं. बीएचयू के इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस में प्रोफेसर रोयना सिंह इस समय विश्वविद्यालय में महिलाओं की शिकायत सुनने वाली समिति की अध्यक्ष भी हैं.

खबरों के मुताबिक रोयना सिंह ने परिसर में लड़कियों की सुरक्षा का पूरा ख्याल रखने और बीते हफ्ते जैसी घटना आगे न होने देने का वादा किया है. बीते हफ्ते बीएचयू परिसर में लाइब्रेरी से हॉस्टल आ रही एक लड़की के साथ बाइक सवार लड़कों ने बदसलूकी की थी. इसके विरोध में अगले दिन लड़कियां विश्वविद्यालय के गेट पर धरने पर बैठ गई थीं. हालांकि, शनिवार रात पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज कर दिया था. इसमें कई लड़कियां घायल हो गई थीं. इस बारे में राज्य प्रशासन को सौंपी रिपोर्ट में वाराणसी के मंडलायुक्त नितिन गोकर्ण ने कहा था कि अगर विश्वविद्यालय प्रशासन ने शुरू में लड़कियों की शिकायत का सही से समाधान किया होता तो हालात इतने न बिगड़ते.

हालांकि, बीएचयू के वाइस चांसलर गिरीश चंद्र त्रिपाठी ने बाहरी तत्वों पर विश्वविद्यालय परिसर में अशांति पैदा करने का आरोप लगाया था. वहीं इस घटना की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए चीफ प्रॉक्टर ओंकार नाथ सिंह ने मंगलवार रात इस्तीफा दे दिया था.