जीएसटी परिषद की शुक्रवार को हुई 22वीं बैठक में लिए गए फैसलों को आज के सभी अखबारों ने पहले पन्ने पर जगह दी है. खबरों के मुताबिक अब 1.5 करोड़ रु सालाना टर्नओवर वाले कारोबारियों को तीन महीने में एक बार रिटर्न भरना होगा. वहीं अब ‘कम्पोजिशन स्कीम’ की उच्चतम सीमा 75 लाख से बढ़ाकर एक करोड़ रुपये कर दी गई है. साथ ही, 26 वस्तुओं पर कर का बोझ घटा दिया गया है. इसमें खाने-पीने की कई वस्तुएं और स्टेशनरी जैसे उत्पाद शामिल हैं. इसके अलावा परमाणु हथियारों को खत्म करने के अंतरराष्ट्रीय अभियान इंटरनेशनल कैंपेन टू एबोलिश न्यूक्लियर वेपन्स (आईकैन) को साल 2017 के शांति के नोबेल पुरस्कार के लिए चुना गया है. यह खबर भी आज के अखबारों की प्रमुख सुर्खियों में शामिल है.

भारतीय कुल जरूरी पोषक तत्वों का केवल 60 फीसदी ही ले रहे हैं : रिपोर्ट

कुपोषण की समस्या से जूझ रहे भारत में लोग खाने में उतने पोषक तत्वों का सेवन नहीं कर रहे जितने की उन्हें जरूरत है. द हिंदू की एक रिपोर्ट के मुताबिक नेशनल न्यूट्रीशन मॉनिटरिंग ब्यूरो (एनएनएमबी) द्वारा किए गए अध्ययन में यह बात सामने आई है. यह अध्ययन 16 राज्यों में किया गया. ब्यूरो की सर्वे रिपोर्ट में कहा गया है कि लोगों को प्रतिदिन जितनी हरी सब्जी खाने की जरूरत होती है, वे उसका औसतन 60 फीसदी ही सेवन करते हैं. मांसाहार की बात करें तो अंडमान और निकोबार में प्रतिव्यक्ति सबसे अधिक और मध्य प्रदेश में इसका सबसे कम सेवन किया जाता है. दूसरी ओर, हरी सब्जियों के सेवन के मामले ओडिशा पहले और केरल आखिरी पायदान पर है.

प्रधानमंत्री मोदी बातें करने में माहिर हैं : अरुण शौरी

भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण शौरी ने केंद्र की मोदी सरकार पर एक बार फिर निशाना साधा है. राजस्थान पत्रिका के पहले पन्ने पर छपी खबर के मुताबिक इस बार उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सीधा निशाना साधा है. अरुण शौरी ने हिमाचल प्रदेश के कसौली में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान कहा, ‘प्रधानमंत्री मोदी बातें करने में माहिर हैं. जिस मॉडल (गुजरात) के दम पर नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री बने, अब उसकी दुनिया के सच्चाई सामने आ रही है.’ वाजपेयी सरकार में विनिवेश मंत्रालय की जिम्मेदारी संभाल चुके शौरी का आगे कहना था, ‘प्रधानमंत्री ने चुनाव से पहले दो करोड़ लोगों को नौकरी देने का वायदा किया था, लेकिन अब सर्वेक्षण में खुलासा हो रहा है कि लोगों को नौकरी नहीं मिल पा रही है.’

डाकघरों में सभी जमा योजनाओं, पीपीएफ, नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट स्कीम और किसान विकास पत्र के लिए आधार संख्या अनिवार्य

केंद्र सरकार ने डाकघरों में सभी जमा योजनाओं, पीपीएफ, नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट स्कीम और किसान विकास पत्र के लिए आधार संख्या अनिवार्य कर दी है. अमर उजाला ने इस खबर को मुख्य पृष्ठ पर जगह दी है. अखबार के मुताबिक खाताधारकों को 31, दिसंबर 2017 तक आधार या इसका नामांकन संख्या दर्ज कराना होगा. इसके अलावा सरकार गरीब परिवारों के लिए मुफ्त एलपीजी कनेक्शन, केरोसिन, उर्वरक सब्सिडी, सस्ते राशन की व्यवस्था (पीडीएस) और मनरेगा के लिए भी आधार अनिवार्य करने की योजना बना रही है.

हनीप्रीत द्वारा हरियाणा के पंचकुला में हिंसा फैलाने के लिए 1.25 करोड़ रु देने की बात सामने आई

डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत सिंह की सहयोगी हनीप्रीत द्वारा हरियाणा के पंचकुला में हिंसा फैलाने की बात सामने आई है. द टाइम्स ऑफ इंडिया की एक रिपोर्ट के मुताबिक हनीप्रीत ने इसके लिए 23 अगस्त को सौदा के पंचकुला स्थित शाखा के मुखिया चमकौर सिंह को 1.25 करोड़ रु दिए थे. ये बातें गुरमीत सिंह के निजी सहायक और ड्राइवर राकेश कुमार ने मामले की जांच के दौरान बताई. इस मामले की जांच कर रही पुलिस का मानना है कि इस रकम का इस्तेमाल 28 अगस्त को पंचकुला में हिंसा फैलाने के लिए किया गया. गुरमीत सिंह को सीबीआई की विशेष अदालत ने 28 अगस्त को दुष्कर्म के दो मामलों में 20 साल की सजा सुनाई थी.

आज का कार्टून

आईकैन को शांति के नोबेल पुरस्कार के लिए चुने जाने पर द इंडियन एक्सप्रेस में प्रकाशित आज का कार्टून :