साल 2017 के लिए अर्थशास्त्र के नोबेल पुरस्कार का ऐलान हो गया है. इस बार यह पुरस्कार व्यवहारिक अर्थशास्त्र में योगदान के लिए अमेरिकी प्रोफेसर रिचर्ड एच थेलर को दिया गया है. पुरस्कार विजेता का चयन करने वाली संस्था रॉयल स्वीडिश एकेडमी ऑफ साइंसेज के अनुसार रिचर्ड एच थेलर ने सीमित तार्किकता, सामाजिक वरीयता और आत्म नियंत्रण की कमी जैसे मानवीय लक्षणों के बीच संबंधों की खोज करते हुए इनसे व्यक्ति के निर्णय और बाजार पर आने वाले असर की व्याख्या पेश की है. एकेडमी ने आगे कहा है कि उनके योगदान से व्यवहारिक अर्थशास्त्र के क्षेत्र को विस्तार मिला है, जिसने आर्थिक शोध और नीति निर्माण के दूसरे पहलुओं पर भी असर डाला है.

72 वर्षीय रिचर्ड एच थेलर शिकागो यूनिवर्सिटी में व्यवहारिक विज्ञान और अर्थशास्त्र के प्रोफेसर हैं. वे बेस्टसेलर किताब ‘नज’ के सह-लेखक भी हैं. इसमें उन्होंने व्यवहारिक अर्थशास्त्र पर चर्चा की है, जिसका इस्तेमाल सामाजिक समस्याओं को सुलझाने में होता है. अर्थव्यवस्था और मनोविज्ञान को मिलाते हुए रिचर्ड एच थेलर ने मानसिक लेखांकन (मेंटल अकाउंटिंग) का एक सिद्धांत भी विकसित किया है जो बताता है कि लोग अपने वित्तीय फैसलों को किस तरह से सरल बनाते हैं.