आज गांधी परिवार का मतलब भ्रष्टाचार है और नोटबंदी इनके लिए त्रासदी ही है.

— स्मृति ईरानी, केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्री

केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी का यह बयान कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी द्वारा पिछले साल लागू नोटबंदी को ‘आपदा’ बताने पर आया. उन्होंने कहा, ‘नोटबंदी गांधी महोदय के लिए त्रासदी ही है, क्योंकि उनके नेतृत्व में कांग्रेस लगातार चुनाव हार रही है.’ स्मृति ईरानी ने आगे कहा कि राहुल गांधी को पार्टी अध्यक्ष बनाया जाना था, लेकिन गुजरात और हिमाचल प्रदेश में पार्टी की हार की आशंका होते ही इसे टाल दिया गया है. केंद्रीय मंत्री के मुताबिक राहुल गांधी को अपनी पार्टी में काफी परेशानियां झेलनी पड़ रही हैं, है, यही वजह है कि वे अक्सर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते रहते हैं.

‘नोटबंदी और जीएसटी ने सूरत की टांगें तोड़ दी हैं.’

— राहुल गांधी, कांग्रेस के उपाध्यक्ष

कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी का यह बयान नोटबंदी और वस्तु और सेवा कर (जीएसटी) को भारतीय अर्थव्यवस्था पर हमला बताते हुए आया. उन्होंने कहा, ‘इन दोहरे हमलों ने सूरत में ही नहीं, बल्कि पूरे देश में उद्योगों को तबाह कर दिया है.’ राहुल गांधी ने आगे कहा कि जीएसटी का मतलब ‘एक राष्ट्र एक कर’ था, लेकिन इसका मौजूदा स्वरूप काम नहीं करेगा, क्योंकि मोदीजी ने इसे पांच स्लैब (स्तर) के साथ लागू किया है. उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस ने सभी स्लैब में जीएसटी को 18 फीसदी तक सीमित रखने की मांग की थी, जिसे सरकार ने नहीं सुना था. कांग्रेस उपाध्यक्ष के मुताबिक मौजूदा जीएसटी में बदलाव करने की जरूरत है.


‘मैंने जो भी पदक जीते हैं, वे मेरे मुश्किल संघर्ष की कहानी हैं.’

— मैरी कॉम, भारतीय मुक्केबाज

भारतीय मुक्केबाज मैरी कॉम ने यह बात एशियाई मुक्केबाजी चैंपियनशिप में पांचवीं बार स्वर्ण पदक जीतने के बाद कही. उन्होंने कहा, ‘मैं उम्मीद कर रही हूं कि मेरे राज्यसभा सांसद बनने के बाद आने वाला यह पदक मेरे कद में इजाफा करेगा.’ मैरी कॉम ने आगे कहा कि उन्होंने संसद की कार्यवाही में हिस्सा लेते हुए इस प्रतियोगिता के लिए तैयारी की थी, इसलिए यह पदक उनके लिए बहुत खास है. अपनी जिम्मेदारियों की चर्चा करते हुए मैरी कॉम ने कहा कि उन्हें अपने बच्चों की परवरिश से लेकर सांसद की जिम्मेदारियों को निभाने तक काफी मशक्कत करनी पड़ती है.


‘मैंने 2009 में ही नोटबंदी को लागू करने का सुझाव दिया था.’

— राजीव कुमार, नीति आयोग के उपाध्यक्ष

नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार का यह बयान नोटबंदी को आवश्यक कदम बताते हुए आया. राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार परिषद में सदस्य रहने के दौरान अपने सुझावों की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि बगैर कोई बड़ा कदम उठाए, भ्रष्टाचार से नहीं निपटा जा सकता है. पूर्व वित्तमंत्री पी चिदंबरम द्वारा नोटबंदी की आलोचना किए जाने पर राजीव कुमार ने कहा, ‘चिदंबरम उनके लिए गुहार लगा रहे हैं, जिनका काला धन नोटबंदी के चलते पकड़ा गया है. अगर ऐसे लोग उनके मित्र हैं तो मुझे कुछ नहीं कहना है.’ नीति आयोग के उपाध्यक्ष ने आगे कहा कि पी चिदंबरम को काला धन रखने वालों के लिए परेशान होने के बजाए अर्थव्यवस्था को मजूबत करने के बारे में सरकार को सुझाव देना चाहिए.


‘वन बेल्ट-वन रोड पहल पर भारत का रवैया ढुलमुल रहा है.’

— हुआ चुनयिंग, चीन के विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता

चीन की प्रवक्ता हुआ चुनयिंग का यह बयान भारत और चीन से इससे जुड़े मतभेदों को सुलझाने की भारत में रूस के राजदूत निकोले कुदाशेव की हालिया अपील पर आया. इसके लेकर भारत की आशंकाओं पर चीनी प्रवक्ता ने कहा कि इससे भारत और पाकिस्तान के बीच कश्मीर विवाद को आपसी बातचीत से सुलझाने के चीन के स्वाभाविक रुख में कोई बदलाव नहीं आएगा. भारत कई मौकों पर पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर से गुजरने वाली इस परियोजना पर क्षेत्रीय अखंडता का ख्याल न करने का आरोप लगा चुका है. हुआ चुनयिंग का यह भी कहना था कि वन बेल्ट-वन रोड परियोजना ठोस परिणामों के साथ आगे बढ़ रही है. चीन के प्रवक्ता के मुताबिक यह परियोजना उनके देश के लिए विकास के नए अवसर खोलेगी.