गुजरात में नई-नई बनी विजय रूपाणी सरकार के 20 सदस्यों वाले मंत्रिमंडल में तीन दागी हैं. असोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स यानी एडीआर के हवाले से हिंदुस्तान टाइम्स की एक रिपोर्ट में यह बात कही गई है. इन तीन मंत्रियों के खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज हैं. रिपोर्ट के मुताबिक सभी 20 मंत्रियों की कुल औसत संपत्ति 13.34 करोड़ रुपये है और 18 मंत्री करोड़पति हैं.

गुजरात में मंगलवार को विजय रूपाणी ने लगातार दूसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली है. उनके साथ नितिन पटेल ने उप-मुख्यमंत्री और अन्य आठ कैबिनेट सदस्यों ने मंत्री पद की शपथ ली. 10 राज्यमंत्रियों ने भी शपथ ली. एडीआर के मुताबिक बोताड चुनाव क्षेत्र के सौरभ यशवंतभाई दलाल पटेल इनमें सबसे अमीर मंत्री हैं. उनके बाद भावनगर (ग्रामीण) के पुरुषोत्तमभाई ऊधवजी भाई सोलंकी और जेतपुर के राधड़िया जयेशभाई विट्ठलभाई हैं. एडीआर के मुताबिक सौरभ पटेल ने चुनाव के लिए नामांकन भरते वक्त हलफनामे में अपनी निजी संपत्ति 123.78 करोड़ रुपये घोषित की है. वहीं, सोलंकी ने 45.9 करोड़ रुपये और विट्ठलभाई ने 28.5 करोड़ रुपये की संपत्ति की घोषणा की है. सबसे कम संपत्ति (35.45 लाख रु) देवगढ़बरिया के बच्चूभाई मगनभाई खाबड़ की है.

वहीं, 13 मंत्री ऐसे हैं जिन पर देनदारियां हैं. इनमें विट्ठलभाई सबसे आगे हैं जिन पर 16.04 करोड़ रुपये की देनदारी है. जहां तक शैक्षिक योग्यता की बात है तो कैबिनेट के 45 प्रतिशत मंत्रियों की औसत शैक्षिक योग्यता 12वीं कक्षा या उससे नीचे की है. जबकि 11 मंत्री ग्रेजुएशन या उससे आगे की पढ़ाई कर चुके हैं.