तमिलनाडु की सत्ताधारी पार्टी- एआईएडीएमके (अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम) से निष्कासित नेता टीटीवी दिनाकरण आरके नगर विधनसभा उपचुनाव में अपनी जीत को अपने लिए जनादेश मानते हैं. लेकिन हाल में ही अभिनेता से नेता दक्षिण भारतीय फिल्मों के सुपर सितारा कमल हासन ऐसा नहीं मानते. उन्होंने आरोप लगाया है कि दिनाकरण ने आरके नगर उपचुनाव में जीत खरीदी है.

तमिल साप्ताहिक पत्रिका ‘आनंद विकटन’ में लिखे गए अपने साप्ताहिक लेख में कमल ने लिखा है कि आरके नगर से टीटीवी की जीत ‘लोकतंत्र पर धब्बा’ है. हालांकि उन्होंने लेख में दिनाकरण का नाम नहीं लिया और उनका हर बार ‘निर्दलीय प्रत्याशी’ के तौर पर ही उल्लेख किया. उन्होंने इस लेख में एआईएडीएमके को भी नहीं छोड़ा. उन्होंने लिखा, ‘सत्ताधारी पार्टी ने हर वोट की कीमत 6,000 रुपए लगाई थी. जबकि निर्दलीय प्रत्याशी ने मतदाताओं को उनकी हैसियत के हिसाब से पैसा दिया. वे उनके वोट की कीमत लगातार घटाते-बढ़ाते रहे.’

डेक्कन क्रॉनिकल के मुताबिक़ कमल हसन ने लेख में वोट के बदले पैसे लेने को ‘भीख मांगने जैसा’ बताया है और कहा है कि इससे ज़्यादा हास्यास्पद कुछ नहीं हो सकता. उन्होंने लिखा है, ‘मैं इसे घोटाला नहीं कहूंगा बल्कि यह दिनदहाड़े किया गया अपराध है.‘

यह पहला मौका नहीं है जब कमल ने तमिलनाडु की पूर्व मुख्यमंत्री दिवंगत जयललिता की सहयोगी रहीं शशिकला या उनके परिवार के किसी सदस्य पर निशाना साधा हो. इससे पहले पिछले साल फरवरी में जब शशिकला राज्य की मुख्यमंत्री बनने की कोशिश में थीं, तब भी कमल ने उनकी आलोचना की थी.