भारतीय विदेश मंत्रालय ने इस बात को स्वीकार किया है कि बीती 26 दिसंबर को भारत और पाकिस्तान के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों के बीच थाईलैंड में बातचीत हुई थी. इस खबर को आज के अधिकतर अखबारों ने पहले पन्ने पर जगह दी है. गुरुवार को विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने बताया कि इस बातचीत में मुख्य मुद्दा इस क्षेत्र से आतंकवाद मिटाना था. उनका आगे कहना था, ‘बातचीत और आतंक साथ-साथ नहीं चल सकते, लेकिन (पाकिस्तान से) आतंक पर बात बिल्कुल हो सकती है.’

उत्तर प्रदेश और राजस्थान के गांवों में रहने वाले दो-तिहाई लोगों के बीच छुआछूत जैसी सामाजिक कुप्रथा बरकरार

उत्तर प्रदेश और राजस्थान के गांवों में रहने वाले दो-तिहाई लोगों के बीच अभी भी छुआछूत जैसी सामाजिक कुप्रथा की समस्या बनी हुई है. द इंडियन एक्सप्रेस ने एक सर्वे के आधार पर कहा है कि गांवों के अलावा राजस्थान की 50 फीसदी शहरी आबादी ने छुआछूत मानने की बात स्वीकार की है. उत्तर प्रदेश में यह आंकड़ा 48 फीसदी है. दूसरी ओर, राजस्थान में 60 फीसदी और उत्तर प्रदेश में 40 फीसदी लोग दलित और गैर-दलित के बीच विवाह के खिलाफ हैं. बताया जाता है कि इस सर्वे को अंजाम देने वाली संस्था सोशल एटीट्यूड रिसर्च इंडिया (सारी) ने इसके लिए दिल्ली, मुंबई, राजस्थान और उत्तर प्रदेश में आठ हजार से अधिक लोगों के साथ बातचीत की थी.

संघ की दक्षिण और दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों में भारतीय विरासत तलाशने की तैयारी

आने वाले दिनों में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) दक्षिण और दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों में भारतीय विरासत तलाशने की तैयारी में है. नवभारत टाइम्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक संघ से जुड़ा संगठन अखिल भारतीय इतिहास संकलन योजना इन देशों में रहने वाले लोगों से सांस्कृतिक संबंध बढ़ाने की भी कोशिश करेगा. इसके लिए 24-25 फरवरी को वर्धा विश्वविद्यालय (महाराष्ट्र) में एक सेमिनार आयोजित किए जाने की तैयारी है. बताया जाता है कि इसके लिए केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्रालय के तहत आने वाला आईसीएचआर फंड उपलब्ध करवाएगा. सेमिनार में इस बात की जानकारी दी जाएगी कि किस तरह इन देशों में भारतीय विरासत मौजूद हैं. साथ ही, इसमें मंदिरों के साथ पुरातात्विक अवशेषों पर चर्चा होने की संभावना है.

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने पहली बार किसी वकील को सीधे न्यायाधीश के रूप में नियुक्त करने की सिफारिश की

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने केंद्र सरकार से वरिष्ठ वकील इंदु मल्होत्रा और उत्तराखंड हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश केएम जोसेफ को शीर्ष न्यायालय में न्यायाधीश बनाने की सिफारिश की है. दैनिक जागरण ने इस खबर को पहले पन्ने पर जगह दी है. अखबार के मुताबिक इंदु मल्होत्रा पहली महिला वकील हैं जिनकी सीधे सुप्रीम कोर्ट में नियुक्ति के लिए सिफारिश की गई है. आजादी के बाद सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश के रूप में अब तक केवल छह महिलाओं की नियुक्ति हुई है. दूसरी ओर, न्यायाधीश केएम जोसेफ उत्तराखंड में राष्ट्रपति शासन (2016) खारिज करने वाली पीठ में शामिल थे.

सरकार ने ऊर्जा गंगा गैस पाइपलाइन परियोजना का विस्तार पूर्वोत्तर के राज्यों तक करने का फैसला किया

मोदी सरकार ने अपनी महत्वाकांक्षी परियोजना ऊर्जा गंगा गैस पाइपलाइन का विस्तार पूर्वोत्तर के राज्यों तक करने का फैसला किया है. बिजनेस स्टैंडर्ड की खबर के मुताबिक 13 हजार करोड़ रुपये की इस परियोजना का 750 किलोमीटर और विस्तार करके इसे इन राज्यों से जोड़ा जाएगा. पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस बारे में बताया कि गेल-इंडिया की अगुवाई में सरकारी कंपनियों के एक कंसॉर्टियम ने इस पर काम करना शुरू कर दिया है. उन्होंने आगे बताया कि पाइपलाइन के जगदीशपुर-हल्दिया और बोकारो-धमरा क्षेत्र में काम पहले हो चुका है. इससे पहले इस परियोजना के जरिए साल 2020 तक उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में करीब 2600 गांवों की ऊर्जा जरूरतों को पूरा किया जाना था.

आज का कार्टून

एयर इंडिया में अपनी हिस्सेदारी घटाने के सरकार के फैसले पर द टाइम्स ऑफ इंडिया में प्रकाशित कार्टून :