‘कर्नाटक में भाजपा के पास कोई मुद्दा ही नहीं है.’

— सिद्धारमैया, कर्नाटक के मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री सिद्धारमैया का यह बयान कर्नाटक में भाजपा नेताओं पर गैर-जरूरी मुद्दों को उठाने का आरोप लगाते हुए आया. उन्होंने कहा, ‘योगी आदित्यनाथ से लेकर अमित शाह तक सभी एक जैसे मुद्दे उठा रहे हैं.’ सिद्धारमैया ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी वैसा ही मुद्दा उठा सकते हैं, क्योंकि उनके पास भी दूसरा कोई मुद्दा नहीं है. उन्होंने भाजपा को ‘हिंदुत्व अतिवादी’ बताने पर माफी मांगने से इनकार कर दिया. राज्य में सत्ता विरोधी रुझान से इनकार करते हुए कर्नाटक के मुख्यमंत्री ने दावा किया कि वे पिछले चुनाव में किए गए अपने सारे वाद पूरे कर चुके हैं.

‘सेना प्रमुख (बिपिन रावत) कोई शिक्षाविद नहीं हैं जो शिक्षा पर उपदेश देंगे.’

— अल्ताफ बुखारी, जम्मू-कश्मीर के शिक्षा मंत्री

जम्मू-कश्मीर के मंत्री अल्ताफ बुखारी का यह बयान सेनाध्यक्ष बिपिन रावत द्वारा राज्य की शिक्षा व्यवस्था को भ्रष्ट बताने पर आया. उन्होंने कहा, ‘राज्य में दो झंडे हैं, भारत और जम्मू-कश्मीर का दो संविधान है. राज्य के सभी स्कूलों में जम्मू-कश्मीर और भारत का मानचित्र होता है, क्योंकि बच्चों को पढ़ाने के लिए यह जरूरी है.’ शुक्रवार को थल सेना प्रमुख बिपिन रावत ने कहा था कि जम्मू-कश्मीर में दो मानचित्र हैं, जिससे बच्चों को लगता है कि वे भारत का हिस्सा हैं, लेकिन उनकी अलग पहचान है. उन्होंने यह भी कहा था कि जम्मू-कश्मीर की शिक्षा व्यवस्था भ्रष्ट हो गई है और यही समस्या की असल जड़ है.


‘मुख्य न्यायाधीश के खिलाफ जजों की प्रेस कॉन्फ्रेंस परेशान करने वाली है.’

— उद्धव ठाकरे, शिवसेना प्रमुख

शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे का यह बयान सुप्रीम कोर्ट के चार शीर्ष जजों द्वारा भारत के मुख्य न्यायाधीश की कार्यशैली पर सवाल उठाने को लेकर आया. उन्होंने कहा कि उन जजों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है, लेकिन यह समझने की कोशिश करनी चाहिए कि उन्हें आखिर ऐसा कदम क्यों मजबूर होना पड़ा. उद्धव ठाकरे ने आगे कहा, ‘लोकतंत्र के चारों खंभों को स्वतंत्रता के साथ काम करना चाहिए. अगर वे एक दूसरे पर टूट पड़ेंगे तो पूरी व्यवस्था ध्वस्त हो जएगी.’ सीबीआई जज बीएच लोया की मौत की जांच के मामले में शिवसेना प्रमुख ने कहा कि अगर कुछ संदिग्ध है तो वह सामने आना ही चाहिए.


‘भाजपा के लोग मुद्दों से ध्यान भटकाने में माहिर हैं.’

— अखिलेश यादव, सपा अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव का यह बयान प्रवर्तन निदेशालय द्वारा पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के बेटे कार्ती चिदंबरम से जुड़े ठिकानों की तलाशी लिए जाने पर आया. उन्होंने कहा कि यह छापेमारी सुप्रीम कोर्ट के जजों द्वारा उठाए गए गंभीर सवालों से ध्यान भटकाने की कोशिश है. सिंगल रिटेल ब्रांड में 100 फीसदी एफडीआई के फैसले पर अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा को स्वदेशी आंदोलन पर अपना रुख स्पष्ट करना चाहिए. भाजपा पर जातिवाद और धर्म की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए सपा अध्यक्ष ने कहा कि वह (भाजपा) राजनीतिक फायदे के लिए कोई भी मुद्दा उठा सकती है.


‘ईरान के साथ परमाणु समझौते से पीछे हटना अमेरिका की बहुत बड़ी भूल होगी.’

— रयाबकोव सर्गेई, रूस के उपविदेश मंत्री

रूस के उपविदेश मंत्री रयाबकोव सर्गेई का यह बयान अमेरिकी राष्ट्रपति द्वारा 2015 में ईरान के साथ वैश्विक शक्तियों के परमाणु करार से पीछे हटने की चेतावनी को लेकर आया. उन्होंने कहा, ‘हमारा मानना है कि अमेरिका आंतरिक स्तर पर इस समझौते से पीछे हटने का फैसला या तो कर चुका है या फिर ऐसा करने के बहुत करीब है.’ रयाबकोव सर्जेई ने आगे कहा कि रूस ईरान परमाणु समझौते को बचाने की पूरी कोशिश करेगा. शुक्रवार को अमेरिकी राष्ट्रपति ने डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था कि अगर ईरान के साथ परमाणु समझौते में बदलाव नहीं हुआ तो अमेरिका इससे पीछे हट जाएगा.