दिल्ली पुलिस ने इंडियन मुजाहिदीन के सदस्य और 2008 में गुजरात में हुए बम धमाकों के कथित मुख्य साजिशकर्ता अब्दुल सुभान कुरैशी को गिरफ्तार करने का दावा किया है. इस खबर को आज के अधिकतर अखबारों ने पहले पन्ने पर जगह दी है. दिल्ली पुलिस के मुताबिक उसे एक मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया गया. बताया जाता है कि अब्दुल सुभान कुरैशी का नाम राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की मोस्ट वांटेड सूची में सबसे ऊपर था. गुजरात में 26 जुलाई, 2008 को हुए सिलसिलेवार बम धमाकों में 56 लोगों की मौत हो गई थी.

देशहित और भाजपा को नुकसान पहुंचाने वाली ‘षड्यंत्रकारी शक्तियों’ को बेअसर करने के लिए ‘राष्ट्र रक्षा महायज्ञ’ की तैयारी

दिल्ली से भाजपा सांसद महेश गिरी देशहित और अपनी पार्टी को नुकसान पहुंचाने वाले ‘षड्यंत्रकारी शक्तियों’ को बेअसर करने के लिए लाल किले के मैदान में 18 मार्च से ‘राष्ट्र रक्षा महायज्ञ’ करने की तैयारी में हैं. द एशियन एज की रिपोर्ट के मुताबिक इस यज्ञ का आयोजन आठ दिनों तक लगातार होगा. बताया जाता है कि इसके आयोजन के लिए देश की सीमा पर स्थित वाघा, पुंछ और डोकलाम सहित चार धामों की मिट्टी और पानी से कुल 108 यज्ञ कुंडों का निर्माण किया जाएगा. इसके अलावा पूरे देश में सकारात्मक ऊर्जा फैलाने के लिए इस आयोजन के दौरान कुल 1111 ब्राह्मण 2.25 करोड़ वैदिक मंत्रों का पाठ करेंगे.

गुजरात : भाजपा सरकार के कामकाज पर नजर रखने के लिए कांग्रेस की शैडो कैबिनेट

गुजरात की भाजपा सरकार के कामकाज पर नजर रखने के लिए कांग्रेस शैडो कैबिनेट बनाने की तैयारी में है. दैनिक जागरण में छपी खबर के मुताबिक इसके जरिए सरकार के अलग-अलग विभागों पर नजर रखी जाएगी. बताया जाता है कि कांग्रेस आगामी बजट सत्र के दौरान विजय रूपाणी सरकार को किसान, रोजगार और भ्रष्टाचार के मुद्दे पर घेरने की भी तैयारी में है. सोमवार को कांग्रेस विधायकों की पहली बैठक के बाद विधानसभा में नेता विपक्ष परेश धनाणी ने कहा कि सरकार के तानाशाही रवैये को कांग्रेस जनता के सामने उजागर करेगी. गुजरात विधानसभा का बजट सत्र 19 फरवरी से शुरू होना है.

लोक सभा के साथ ही सभी राज्यों में विधानसभा चुनाव कराने पर संसदीय समिति में आमराय नहीं

लोक सभा के साथ ही सभी राज्यों में विधानसभा चुनाव कराने के मुद्दे पर बनी संसदीय समिति में इसे लेकर सहमति नहीं बन पाई है. अमर उजाला की खबर के मुताबिक समिति में विपक्षी सांसदों ने सरकार की मंशा पर सवाल उठाते हुए इसे अव्यावहारिक बताया है. इनका कहना है कि अलग-अलग राज्यों की विधानसभाओं का कार्यकाल पूरा होने में इतना अधिक अंतर है कि इस प्रस्ताव पर आगे नहीं बढ़ा जा सकता. दूसरी ओर, भाजपानीत राष्ट्रीय प्रजातांत्रिक गठबंधन (एनडीए ) सांसदों ने इसे राष्ट्रहित में जरूरी बताया है. बताया जाता है कि सदस्यों के इस बारे में आमराय न बनने की वजह से समिति द्वारा रिपोर्ट पेश करने में देरी हो सकती है. सरकार इसे संसद के आगामी बजट सत्र में ही रिपोर्ट को पेश कर चर्चा करना चाहती है.

डब्ल्यूईएफ की बैठक से पहले कारोबारियों ने संरक्षणवाद पर भारत द्वारा मुख्य भूमिका निभाने की अपील की

स्विट्जरलैंड के दावोस में आयोजित विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) की बैठक से पहले देश के प्रमुख कारोबारियों ने संरक्षणवाद के मुद्दे पर भारत द्वारा मुख्य भूमिका निभाने की अपील की है. बिजनेस स्टैंडर्ड की खबर के मुताबिक कारोबारियों को आशंका है कि अमेरिका जैसे देश दावोस बैठक के दौरान संरक्षणवाद का समर्थन कर सकते हैं. स्पाइसजेट के सीईओ अजय सिंह का कहना है कि भारत दावोस में ठोस बातें कह सकता है और इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बेहतर कोई नहीं हो सकता. उन्होंने आगे कहा कि भारत के लिए यह बहुत बड़ा मौका है क्योंकि, 20 साल बाद भारत के प्रधानमंत्री इस बैठक में शिरकत कर रहे हैं.

आज का कार्टून

सीपीएम में कांग्रेस के साथ चुनावी गठबंधन को लेकर मतभेद पर द हिंदू में प्रकाशित कार्टून :