ताजमहल के आसपास ड्रोन उड़ाने वाले लोगों के खिलाफ अब पुलिस आपराधिक आरोपों के तहत कार्रवाई करेगी. इससे पहले उसने ऐसे लोगों को कई बार चेतावनियां दी थीं, लेकिन उन पर कोई असर नहीं हो रहा था. लिहाजा रविवार को आगरा पुलिस ने यह फैसला किया कि अब ऐसे लोगों के खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज किए जाएंगे.

शहर के पुलिस अधीक्षक कुंवर अनुपम सिंह ने कहा कि अगर कोई व्यक्ति ताजमहल के नजदीक ड्रोन चलाता दिखा तो उसके खिलाफ आईपीसी की धारा 287, 336, 337 और 338 के तहत मामला दर्ज किया जाएगा. उन्होंने बताया कि सुरक्षा कारणों के चलते ताज के नजदीक ड्रोन उड़ाने की सख्त मनाही है. उन्होंने कहा कि पहले वे लोगों में जागरूकता फैलाने के लिए कैंपेन चलाएंगे ताकि वे इस नियम के बारे में जान जाएं. सिंह ने कहा, ‘हम होटल मालिकों और उनके सहयोगियों से मिल रहे हैं और उन्हें इसके बारे में बता रहे हैं. हम उनसे कह रहे हैं कि वे अपने मेहमानों को इस रोक के बारे में जानकारी दें.’

वहीं, आगरा के सीआईएसएफ कमांडेंट बृज भूषण ने कहा, ‘इस तरह की उड़ने वाली मशीनों को तभी रोका जा सकता है जब पुलिस उल्लंघन करने वाले लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई करे. इससे दूसरे लोग ताज के अंदर या आसपास ड्रोन उड़ाने से डरेंगे.’ आधिकारियों के मुताबिक पिछले साल ताजमहल के आसपास ड्रोन उड़ने की करीब 20 घटनाएं देखने को मिलीं.