नेता बनने के बाद दक्षिण भारत के दो बड़े अभिनेताओं- कमल हासन और रजनीकांत की राह अलग-अलग होती दिखाई दे रही है. भारतीय जनता पार्टी की तरफ़ रजनीकांत के झुकाव को देखते हुए कमल हासन ने साफ़ कर दिया है कि इस सूरत में उनके साथ भविष्य में उनका गठबंधन नहीं हो सकता.

द टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक़ अमेरिका की प्रतिष्ठित हार्वर्ड यूनिवर्सिटी के सालाना भारतीय सम्मेलन के दौरान कमल ने कहा, ‘मैं उम्मीद करता हूं कि रजनी का रंग भगवा नहीं होगा. क्योंकि अगर ऐसा हुआ तो उनके साथ मेरे गठबंधन की कोई संभावना नहीं है. हालांकि अभी इस बाबत मेरी समझ साफ़ नहीं है.’ इसके साथ ही उन्होंने ज़्यादा ज़ोर देकर पूछने पर यह भी कहा, ‘अगर ज़रूरत हुई तो वे दूसरों का हाथ भी थामेंगे (यानी गठबंधन करेंगे) ’

अलबत्ता चुनाव बाद किसी तरह के गठबंधन की संभावना से उन्होंने साफ इंकार कर दिया. उन्होंने कहा, ‘अगर किसी को बहुमत नहीं मिला (राज्य विधानसभा चुनाव में) तो यह लोगों का फ़ैसला होगा. उस हाल में अगली बार का इंतज़ार करूंगा.’ उन्होंने अपने राजनीति में आने का मक़सद भी बताया, ‘मैं नई पार्टी बना ही इसलिए रहा हूं क्योंकि मैं लोगों के साथ चलना चाहता हूं. राजनेताओं के साथ नहीं. तमिलनाडु में अभी सब ठीक नहीं चल रहा है.’

ग़ौरतलब कि पिछले साल तमिल राजनीति में उतरने वाले कमल 21 फरवरी से तमिलनाडु का दौरा शुरू करने वाले हैं. उसी समय वे अपनी नई पार्टी की घोषणा कर सकते हैं. यहां यह भी ध्यान रखने की बात है कि बीते दिसंबर में रजनीकांत भी राजनीति में आने की घोषणा कर चुके हैं. वे भी जल्द अपने नए राजनीतिक संगठन की घोषणा करने वाले हैं.