आईएनएक्स मनी लॉन्डरिंग मामले में पूर्व वित्त मंत्री और कांग्रेस नेता पी चिदंबरम के बेटे कार्ति चिदंबरम को बुधवार को गिरफ्तार कर लिया गया. इस खबर को आज के अधिकतर अखबारों ने पहले पन्ने पर जगह दी है. कार्ति चिदंबरम को इस मामले की जांच में सहयोग नहीं करने के चलते केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने गिरफ्तार किया है. सीबीआई ने बीते साल 15 मई को कार्ति और आईएनएक्स मीडिया सहित आठ अन्य के खिलाफ एक मामला दर्ज किया था. इसके अलावा पीएनबी घोटाले के मुख्य आरोपित नीरव मोदी द्वारा जांच को लेकर भारत आने से इनकार की खबर भी अखबारों की प्रमुख सुर्खियों में शामिल है. इससे पहले सीबीआई ने उसे अपने सामने पेश होने के लिए ईमेल के जरिये समन भेजा था.

भाजपा नेतृत्व ने पार्टी शासित राज्यों को पांच सूत्री एजेंडे पर आगे बढ़ने का निर्देश दिया

अगले साल होने वाले आम चुनाव को नजर में रखते हुए भाजपा नेतृत्व ने पार्टी शासित राज्यों को पांच सूत्रीय एजेंडे पर आगे बढ़ने का निर्देश दिया है. इनमें राष्ट्रीय स्वास्थ्य सुरक्षा योजना, साल 2022 तक सबको आवास और हर घर में बिजली पहुंचाना शामिल है. अमर उजाला में छपी खबर के मुताबिक पार्टी ने उनको इसके अलावा किसानों को फसल के लागत से डेढ़ गुना कीमत देने और एक देश-एक चुनाव के लिए लोगों को तैयार करने की जिम्मेदारी भी दी है. इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ बैठक में शामिल पार्टी अध्यक्ष अमित शाह ने स्वास्थ्य संबंधी योजना पर खास जोर दिया. उन्होंने कहा कि बिना देरी किए इस योजना को जमीन पर उतारने का काम करना चाहिए.

बिहार : अल्पसंख्यक समुदाय की तलाकशुदा महिलाओं को 25,000 रु की आर्थिक मदद

बिहार की नीतीश कुमार सरकार ने साल 2018-19 के बजट में अल्पसंख्यक समुदाय की तलाकशुदा महिलाओं के लिए आर्थिक मदद में बढ़ोतरी की है. दैनिक जागरण में प्रकाशित खबर के मुताबिक राज्य की तलाकशुदा महिलाओं को अब 10,000 रु की जगह 25,000 रु सालाना आर्थिक मदद मुहैया कराई जाएगी. इसके अलावा सरकार ने मुख्यमंत्री प्रोत्साहन योजना में बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के साथ-साथ मदरसों के छात्रों को भी शामिल किया है. नीतीश सरकार ने बजट में अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के लिए 437.76 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है.

वित्त आयोग पहली बार लोकलुभावन कदम को परिभाषित करने का काम करेगा

अपने इतिहास में पहली बार वित्त आयोग लोकलुभावन कदम को परिभाषित करने का काम करेगा. बिजनेस स्टैंडर्ड की रिपोर्ट के मुताबिक इसके साथ ही आयोग उन राज्यों के लिए प्रोत्साहनों की भी सिफारिश भी करेगा जो इस तरह के कदमों से अबतक दूरी बनाकर रखे हुए हैं. 15वें वित्त आयोग के अध्यक्ष एनके सिंह ने बताया, ‘आयोग से ईज ऑफ डूइंग बिजनेस और जनसांख्यिकी प्रबंधन पर भी विचार करने को कहा गया है. साथ ही यह भी देखने की जिम्मेदारी दी गई है क्या राज्य जानबूझकर लोकलुभावन नीति को नहीं अपना रहे हैं.’ वित्त आयोग का गठन भारतीय संविधान के अनुच्छेद 280 के तहत प्रत्येक पांच साल पर किया जाता है. आयोग का मुख्य काम केंद्रीय करों में राज्यों की हिस्सेदारी तय करना होता है.

सांसदों के भत्ते में 55 फीसदी बढ़ोतरी का फैसला

केंद्रीय कैबिनेट ने बुधवार को सांसदों के भत्ते में 55 फीसदी की बढ़ोतरी की है. द टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक अब सासंदों को संसदीय क्षेत्र के भ्रमण के लिए 45,000 रुपये की जगह 70,000 रु मिलेंगे. इसके अलावा कार्यालय खर्च के लिए भी 60,000 रुपये तय किए गए हैं. पहले यह रकम भी 45,000 रुपये थी. बताया जाता है कि इस बढ़ोतरी के बाद अतिरिक्त करीब 45 करोड़ रुपये की जरुरत होगी. यह बढ़ोतरी एक अप्रैल से लागू की जाएगी और इसकी समय-सीमा अगले पांच साल तक होगी. इससे पहले केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने बजट में सांसदों के वेतन और भत्ते तय करने के लिए प्रत्येक पांच साल के बाद इनकी समीक्षा किए जाने की बात कही थी.