मेघालय चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी बनने के बावजूद कांग्रेस का विपक्ष में बैठना और दो सीटों के साथ भाजपा का सरकार में शामिल होना लगभग तय हो चुका है. सोशल मीडिया में इस उलटफेर की खूब चर्चा है और कांग्रेस समर्थकों ने इसे लोकतंत्र और संविधान का अपमान बताते हुए भाजपा की आलोचना की है.

60 सदस्यों वाली विधानसभा में कांग्रेस ने 21 सीटें जीती हैं, लेकिन 19 सीटें जीतकर दूसरे नंबर पर रहने वाली एनपीपी (नेशनल पीपल्स पार्टी) ने भाजपा और अन्य दलों के सहयोग से सरकार बनाने का दावा ठोक दिया है. एनपीपी प्रमुख कॉनराड संगमा ने रविवार को राज्यपाल से मिलकर 34 विधायकों के समर्थन का दावा किया है. मेघालय के इस घटनाक्रम के पीछे भाजपा की सबसे अहम भूमिका है और सोशल मीडिया पर लोगों ने तरह-तरह से इसकी व्याख्या की है. वरिष्ठ पत्रकार राजदीप सरदेसाई का ट्वीट है, ‘सिर्फ दो सीटों के साथ भाजपा 60 सदस्यों वाली विधानसभा में सरकार गठित करने में कामयाब हो गई है; गोवा और मणिपुर के बाद मेघालय ऐसा तीसरा राज्य है जहां सबसे बड़ी पार्टी को मात खानी पड़ी है.’

सोशल मीडिया पर भाजपा विरोधियों के एक बड़े तबके ने आरोप लगाया है कि राज्य में पार्टी ने विधायकों को खरीदा है. ट्विटर हैंडल @Priyankaspeaks_ पर ऐसी ही एक तंजभरी प्रतिक्रिया है, ‘अगर मेघालय में भाजपा की सरकार नहीं बनती तो मेरा पैसे पर से भरोसा उठ जाता.’ कॉनराड संगमा भी सोशल मीडिया पर काफी चर्चा में हैं और लोगों ने उनसे जुड़ी कई जानकारियां शेयर की हैं. रमेश श्रीवत्स ने एक मजेदार टिप्पणी की है, ‘कॉनराड संगमा मेघालय के मुख्यमंत्री बनेंगे... असल में हुआ यह है कि संघ परिवार ने संगमा परिवार के साथ हाथ मिला लिया है.’

सोशल मीडिया पर मेघालय के इस राजनीतिक उलटफेर पर आई कुछ और दिलचस्प प्रतिक्रियाएं :

लालू प्रसाद यादव |‏ @ModiLeDubega

मोदी-शाह का कहना है कि जब हम दो विधायकों से मेघालय में सरकार बना सकते हैं तो चार विधायकों से दिल्ली में सरकार क्यों नहीं बना सकते! लेकिन जब दिल्ली में हम लोग एलजी के माध्यम से सरकार चला ही रहे हैं तो अलग से सरकार बनाने की क्या जरूरत.

शाउट एंड स्क्रीम | @gajender00

कांग्रेस मेघालय में सरकार बनाने की कोशिश करती हुई :

वलीद | @900waleed4

नोटबंदी का फायदा मेघालय में दिखा है. कांग्रेस 21 सीटें जीतकर भी 10 विधायक नहीं खरीद सकी और भाजपा ने सिर्फ दो सीटें जीतकर 34 विधायक खरीद लिए और मिलीजुली सरकार बना ली.

रुचि | @Ruchiqueen008

आने वाले कुछ समय बाद हिंदुस्तान में सिर्फ दो तरह की सरकारें रहेंगी.
1. मोदी द्वारा जिताई गईं.
2. अमित शाह द्वारा हथियाई गईं.

राज यादव | facebook

अमित शाह ने कर्नाटक में भी सरकार बनाने का दावा पेश किया. गवर्नर बोले – चुनाव तक तो रुक जाते.