पारसी नववर्ष नवरोज के पहले दिन अफगानिस्तान की राजधानी काबुल खून से लथपथ हो गई. बुधवार को काबुल यूनिवर्सिटी और अली अब्द हॉस्पिटल के पास किए गए एक आत्मघाती धमाके में 29 लोग मारे गए, जबकि 52 घायल हो गए. स्वास्थ्य मंत्रालय ने मृतकों और घायलों की संख्या की पुष्टि की है. स्थानीय समाचार एजेंसी टोलो न्यूज के मुताबिक इस आत्मघाती धमाके की जिम्मेदारी आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट (आईएस) ने ली है.

काबुल के कार्यवाहक पुलिस प्रमुख दाऊद अमीन ने बताया कि आतंकी हमला होने की खुफिया जानकारी मिली थी, जिसके आधार पर सुरक्षा इंतजामों को पुख्ता बनाया गया था. लेकिन हमलावर नवरोज के कार्यक्रम से थोड़ी दूर पर धमाका करने में सफल हो गया. अस्पताल प्रशासन के मुताबिक इस धमाके में घायल लोगों में पांच की हालत गंभीर है.

अफगानिस्तान में बीते कुछ महीनों से आतंकी हमलों में तेजी आ गई है. बीते शुक्रवार को काबुल में एक कार बम धमाके में तीन लोगों की मौत हो गई थी, जबकि दो घायल हो गए थे. इससे तीन दिन पहले फराह प्रांत में एक सुरक्षा चौकी पर विद्रोहियों के हमले में 10 सुरक्षाकर्मी मारे गए थे. वहीं, 29 जनवरी को काबुल की सैन्य अकादमी पर हमले में पांच सैनिक मारे गए, जबकि 10 घायल हो गए थे. इससे ठीक दो दिन पहले काबुल में एक आत्मघाती धमाका हुआ था. इसमें 103 लोग मारे गए थे, जबकि 232 लोग घायल हो गए थे.