बसों से अमरनाथ यात्रा पर जाने वाले गुजराती पर्यटकों को इस साल पहले के मुकाबले अधिक रकम खर्च करनी होगी. द टाइम्स आॅफ इंडिया की खबर के मुताबिक इसकी वजह राज्य सरकार की तरफ से जारी ताजा दिशा-निर्देश हैं. राज्य के गृह मंत्रालय ने कहा है कि बसों से अमरनाथ जाने वाले यात्रियों को बुलेटप्रूफ जैकेट पहनकर यात्रा करनी होगी. साथ ही इस यात्रा पर जाने वाली बसों के ड्राइवरों की उम्र भी 50 साल से ज्यादा नहीं होनी चाहिए. इस फैसले के पीछे बीते साल अनंतनाग में अमरनाथ यात्रियों पर हुए आतंकी हमले को माना जा रहा है.

अमरनाथ यात्रा की व्यवस्था करने वाले आॅपरेटरों का कहना है कि सरकार के इस फैसले से यात्रा का खर्च बढ़ेगा. बड़ौदा के टुअर्स ऐंड ट्रैवल्स एसोसिएशन के उपाध्यक्ष के मुताबिक अब तक बस आॅपरेटर 10 हजार रुपये में यात्रियों को अमरनाथ यात्रा करा देते थे, लेकिन अब यात्रियों को करीब 12 हजार रुपये तो बुलेटप्रूफ जैकेट पर ही खर्च करने होंगे. उनका यह भी कहना है कि सरकार के निर्देशों का उनके लिए कड़ाई से पालन करना जरूरी है वरना उन्हें यात्रा का परमिट ही नहीं मिलेगा.

इधर अखिल गुजरात टूरिस्ट व्हीकल्स आॅपरेटर्स फेडरेशन के अध्यक्ष हरी पटेल ने इस फैसले पर सवाल उठाए हैं. उनका कहना है, ‘बुलेटप्रूफ जैकेट बाजार में नहीं मिलती, फिर उन्हें खरीदा कहां से जाएगा? इसके अलावा यह फैसला सिर्फ बस यात्रियों के लिए ही क्यों किया गया है? तमाम पर्यटक टैक्सियों के अलावा रेल और हवाई मार्ग का विकल्प चुनते हैं, उनके लिए बुलटप्रूफ जैकेट अनिवार्य नहीं की गई है. हम नए नियम मानने को तैयार हैं, लेकिन सरकार को भी कुछ रियायत बरतनी चाहिए.’