रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमन ने एक बार फिर दोहराया है कि राफेल लड़ाकू विमान सौदे में कोई भ्रष्टाचार नहीं हुआ है. विपक्ष के आरोपों को खारिज करते हुए उन्होंने कहा कि इस सौदे की कीमत को सार्वजनिक न करने का फैसला देश हित में किया गया है. रक्षा मंत्री ने कहा, ‘राफेल सौदे में देश ने कौन से हथियार हासिल किए हैं इसका खुलासा होने पर दुश्मन मुल्कों को भी फायदा होगा. उन्हें भारत की रक्षा तैयारियों की जानकारी मिल जाएगी. इसलिए इसे सार्वजनिक न किए जाने का फैसला किया गया है.’

निर्मला सीतारमन ने ये बातें टाइम्स समूह द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान गुरुवार को कहीं. विपक्षी दलों ने फ्रांस के साथ हुए इस सौदे को लेकर केंद्र सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं. राहुल गांधी तो इसकी कीमत सार्वजनिक करने की मांग करते हुए सीधे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भ्रष्टाचार का आरोप लगा चुके हैं.

कार्यक्रम के दौरान एक सवाल का जवाब देते हुए रक्षा मंत्री ने यह भी कहा कि पंजाब नेशनल बैंक से 12600 करोड़ की धोखाधड़ी करने वाले आरोपितों को छोड़ा नहीं जाएगा. निर्मला सीतारमन के मुताबिक फरार नीरव मोदी और मेहुल चोकसी को देश वापस लाने के लिए सरकार ने कोशिशें और तेज कर दी हैं. जल्दी ही वे दोनों कानून की गिरफ्त में होंगे.