एक नाबालिग के साथ बलात्कार के मामले में आसाराम को बुधवार को सजा सुनाई जाएगी. सुरक्षा कारणों को देखते हुए उन्हें सजा सुनाने के लिए जोधपुर सेंट्रल जेल में ही अदालत लगेगी. जेल में अदालत लगाए जाने के लिए राजस्थान हाई कोर्ट पहले ही अपनी अनुमति दे चुका है.

आसाराम की सजा और बड़ी संख्या में उनके समर्थकों को देखते हुए जोधपुर में 30 अप्रैल तक के लिए धारा 144 लागू कर दी गई है. पुलिस ने भी सुरक्षा-व्यवस्था के व्यापक इंतजाम किए हैं. संवेदनशील जगहों पर नाकाबंदी के साथ शहर की सीमा सील कर दी गई है. रेलवे स्टेशन और बस अड्डे पर पुलिस का कड़ा पहरा है. इसके अलावा जोधपुर शहर के बाहरी हिस्से में ​स्थित आसाराम के आश्रम को भी सुरक्षा के मद्देनजर खाली करा लिया गया है.

16 वर्षीय किशोरी से बलात्कार के मामले में आसाराम को अगस्त 2013 में गिरफ्तार किया गया था. गिरफ्तारी के बाद से वे लगातार जेल में ही हैं. द इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक अगर आसाराम पर लगे आरोप साबित होते हैं तो ऐसे में अदालत उनको कम से कम दस साल की सजा सुना सकती है.