पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के परिवार पर प्रवर्तन निदेशालय का शिकंजा कसता जा रहा है. सोमवार को जांच एजेंसी ने चिदंबरम की पत्नी नलिनी चिदंबरम को नोटिस जारी किया है. यह नोटिस उन्हें करीब ढ़ाई हजार करोड़ रु के सारदा चिट फंड घोटाला मामले में जारी किया गया है. नलिनी चिदंबरम को सात मई को हाज़िर होने के लिए कहा गया है.

नलिनी सुप्रीम कोर्ट की वकील हैं. जेल में बंद सारदा समूह के मुखिया सुदीप्त सेन ने एक चिट्ठी में उन्हें एक करोड़ रु दिए जाने की बात कही थी. इससे पहले मद्रास हाईकोर्ट ने ईडी को समन को चुनौती देने वाली नलिनी चिदंबरम की याचिका खारिज कर दी थी.

चिदंबरम के बेटे कार्ति चिदंबरम भी दो मामलों में आरोपित हैं. एयरसेल-मेक्सिस डील मामले में एक स्थानीय अदालत ने उन्हें दो मई तक गिरफ्तारी से अंतरिम राहत दी है. 2006 में हुए इस सौदे को विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड (एफआईपीबी) की मंजूरी मिलने की जांच की जा रही है. यह जांच सीबीआई और ईडी कर रहे हैं. कार्ति चिदंबरम आईएनएक्स मीडिया मामले में भी फंसे हुए हैं. उन पर इस मीडिया कंपनी को एफआईपीबी की मंजूरी दिलवाने और इसके एवज में रिश्वत लेने का आरोप है.