कर्नाटक के विधानसभा चुनाव में भाजपा का प्रचार कर रहे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस के साथ देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू पर भी निशाना साधा है. गुरुवार को कलबुर्गी में कांग्रेस पर सैनिकों के बलिदान का सम्मान न करने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा, ‘जब हमारे सैनिक सर्जिकल स्ट्राइक करते हैं तो कांग्रेस उस पर सवाल उठाती है. सर्जिकल स्ट्राइक के बाद कांग्रेस के एक नेता ने सेनाध्यक्ष को गुंडा कहा था.’ कांग्रेस पर इससे पहले भी सैनिकों का अपमान करने का आरोप लगाते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, ‘कर्नाटक बहादुरी का पर्याय है. लेकिन कांग्रेस ने फील्ड मार्शल करियप्पा और जनरल थिमय्या के साथ कैसा व्यवहार किया, यह सबको पता है. इतिहास इसका सबूत है. 1948 में पाकिस्तान को हराने के बाद प्रधानमंत्री नेहरू और रक्षा मंत्री कृष्ण मेनन ने जनरल थिमय्या का अपमान किया था.’

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले में आठ वर्षीय बच्ची के साथ सामूहिक बलात्कार और हत्या के मामले में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी द्वारा कैंडल मार्च निकालने पर भी सवाल उठाया. समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार उन्होंने कहा, ‘मैं दिल्ली में कैंडल मार्च निकालने वाले कांग्रेस के लोगों से पूछना चाहता हूं कि तब उनकी कैंडल कहां थी, जब बीदर में एक दलित लड़की को जला दिया गया था.’ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस पर दलित विरोधी होने का भी आरोप लगाया. उन्होंने कहा, ‘बीते चुनाव में कांग्रेस ने वादा किया था कि मल्लिकार्जुन खड़गे को मुख्यमंत्री बनाया जाएगा. लेकिन उन्होंने दलित समुदाय को गुमराह किया, जो बताता है कि कांग्रेस कैसी राजनीति करती है.’

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कर्नाटक विधानसभा चुनाव को दूरगामी असर वाला बताया. उन्होंने कहा कि यह केवल विधायकों का चुनाव भी नहीं है, बल्कि यह कर्नाटक का भविष्य तय करने वाला है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आगे कहा कि इस चुनाव का परिणाम महिलाओं की सुरक्षा और किसानों का विकास तय करेगा. कर्नाटक में विधानसभा की 224 सीटों के लिए 12 मई को मतदान होना है.