कर्नाटक विधानसभा चुनाव के प्रचार के दौरान राजनीतिक दलों के बीच तीखी बयानबाजी के साथ नेताओं की जुबान फिसलने का सिलसिला भी जारी है. मंगलवार को ऐसा ही वाकया कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सिद्धारमैया के साथ हुआ जब वे गलती से नरेंद्र मोदी की तारीफ कर बैठे. बातों-बातों में वे यह भी कह गए कि नरेंद्र मोदी को दिया जाने वाला वोट, उन्हें वोट देने जैसा होगा. हालांकि जैसे ही उन्हें गलती का अहसास हुआ तो उन्होंने अपनी गलती के लिए माफी भी मांग ली.

द टाइम्स आॅफ इंडिया के मुताबिक मंगलवार को मालावल्ली में सिद्धारमैया स्थानीय प्रत्याशी नरेंद्र स्वामी के लिए प्रचार कर रहे थे. इसी दौरान उन्होंने कहा, ‘यहां पक्की सड़कें बनवाने, गंदे पानी की निकासी, पेय जल मुहैया कराने, मकान बनवाने जैसे अनेक कार्यों का श्रेय नरेंद्र मोदी और मेरी सरकार को जाता है.’ इन कामों का श्रेय नरेंद्र मोदी के लिए सुनकर एक बार तो नरेंद्र स्वामी भी झेंपते नजर आए. इसके बाद उनके सहयोगियों ने सिद्धारमैया को बताया कि वे प्रत्याशी का गलत नाम ले रहे हैं तो उन्होंने अपनी भूल में सुधार किया. नरेंद्र स्वामी का नाम लेने में दो बार हुई गलती सुधारते हुए सिद्धारमैया ने कहा, ‘यहां नरेंद्र शब्द अहम है. नरेंद्र स्वामी यहां के हैं... जबकि नरेंद्र मोदी गुजरात के हैं. नरेंद्र स्वामी सच्चे हैं और नरेंद्र मोदी झूठे हैं.’

इससे पहले जुबान फिसलने की घटना भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष अमित शाह से भी हुई थी. बीते महीने एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने भाजपा नेता व प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री बीएस येद्दियुरप्पा को भ्रष्टाचार में नंबर एक कह दिया था. उस दौरान येद्दियुरप्पा उनके साथ ही मंच पर बैठे हुए थे. गलती समझ में आने के बाद अमित शाह ने स्पष्ट किया कि उनका मतलब प्रदेश की सिद्धारमैया सरकार से था.