एक सर्वे में हिस्सा लेने वाले 56 फीसदी लोगों ने माना है कि चुनाव के दौरान किए गए अपने वादों को पूरा करने के लिए केंद्र सरकार सही दिशा में प्रयास कर रही है. द टाइम्स आॅफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक सोशल मीडिया के जरिये किए गए इस सर्वे में 10 में से छह लोगों ने कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार उनकी उम्मीदों पर खरी उतरी है. कुछ लोगों ने यह भी कहा कि चार साल के कार्यकाल के दौरान सरकार ने उनकी उम्मीदों से बढ़कर काम किया है.

रिपोर्ट के मुताबिक तीन चौथाई लोगों ने माना कि पाकिस्तान से निपटने में भारत को कामयाबी मिली है. साथ ही 54 फीसदी लोगों ने कहा कि आतंकवाद में कमी आई है. सर्वे में 54 फीसदी लोगों ने सरकार की प्रत्यक्ष लाभ योजना (डीबीटी) को भी सफल बताया.

सरकार के लिहाज से सर्वे के यह आंकड़े संतोषजनक हैं. मगर दूसरी तरफ बीते वर्षों के मुकाबले सरकार के कामों की सराहना करने वालों की संख्या में भी कमी आई है. बीते साल एक ऐसे ही सर्वे में ऐसा मानने वालों की संख्या 59 फीसदी थी कि सरकार वादे पूरा करने की दिशा में ट्रैक पर है. साल 2016 के ऐसे ही एक सर्वे में 64 प्रतिशत लोगों ने कहा था कि सरकार अच्छा काम कर रही है. अब ऐसा कहने वालों की संख्या घटकर 57 प्रतिशत रह गई है.

सर्वे में शामिल कई लोगों ने माना कि सांप्रदायिक मामलों और महिलाओं व बच्चों के खिलाफ अपराधों की रोकथाम के अलावा बेरोजगारी दूर करने के लिए सरकार को अभी और प्रयास करने की जरूरत है. लोगों ने यह भी कहा कि स्थानीय सांसद अपने निर्वाचन क्षेत्र के लोगों की समस्याओं और विकास संबंधी मुद्दों को लेकर बहुत ज्यादा सक्रिय नहीं दिखते. इसके अलावा लोगों ने वस्तु और सेवाकर (जीएसटी) पर भी अपनी राय दी. 32 प्रतिशत लोगों ने कहा कि जीएसटी लागू होने से कीमतों में गिरावट आई है जबकि 60 फीसदी का कहना था कि उन्हें कीमतों में कोई बदलाव नहीं महसूस हुआ.