तमिलनाडु में एक रैली के दौरान की गई पुलिस फायरिंग में नौ प्रदर्शनकारियों की मौत हो गई है और कई लोग घायल हुए हैं. यह रैली तूतिकोरिन स्थित स्टरलाइट कॉपर प्लांट को बंद करने की मांग को लेकर आयोजित की गई थी. स्टरलाइट वेदांता ग्रुप की सहायक कंपनी है. द हिंदू के मुताबिक विरोध के दौरान प्रदर्शनकारियों ने पत्थरबाजी शुरू कर दी थी जिसके बाद पुलिस ने पहले लाठीचार्ज किया. इसके बाद भी प्रदर्शनकारियों की तरफ से पत्थरबाजी जारी रही तो पुलिस को आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े. इसके बाद हालात नियंत्रण से बाहर हो गए और पुलिस को फायरिंग करनी पड़ी.

विरोध के लिए निकाले गए इस जुलूस के दौरान प्रदर्शनकारियों ने पुलिस का एक वाहन पलट दिया और नजदीक की पार्किंग में लगीं कई गाड़ियों में तोड़फोड़ की और उनमें आग लगा दी. ये सभी गाड़ियां राज्य के राजस्व विभाग की बताई जा रही हैं. प्रदर्शनकारियों ने विभाग की इमारत के शीशे भी तोड़ डाले.

इस हिंसा के बाद दक्षिणी तूतिकोरिन और आसपास के इलाके में धारा 144 लगा दी गई है. कलेक्टर एन वेंकटेश ने पांच या उससे ज्यादा लोगों के इकट्ठा होने , रैली या सार्वजनिक बैठक करने, जुलूस निकालने, घातक हथियार व झंडे लेकर चलने और विरोध प्रदर्शन के लिए वाहनों के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगा दिया है. इस दौरान कई घायलों को तूतिकोरिन मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है. सूत्रों का कहना है कि मरने वालों की संख्या अभी और बढ़ सकती है.

इस बीच तमिलनाडु के मुख्यमंत्री पलानिस्वामी ने इस घटना को लेकर चेन्नई में बैठक की है. खबरों के मुताबिक स्थानीय लोग काफी पहले से इस प्लांट का यह कहकर विरोध करते रहे हैं कि इसकी वजह से इलाके में प्रदूषण फैल रहा है. वहीं हाल ही में कंपनी ने यहां अपने प्लांट को विस्तार देने की घोषणा की है.