‘जब मोदी और शाह के बारे में सोचता हूं तो हिटलर और मुसोलिनी की याद आ जाती है.’

— यानामाला रामाकृष्नुडू, आंध्र प्रदेश के वित्त मंत्री

आंध्र प्रदेश के वित्त मंत्री यानामाला रामाकृष्नुडू का यह बयान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा अध्यक्ष अमित शाह को लेकर आया. उन्होंने कहा, ‘मोदी और शाह का मकसद किसी तरह सत्ता पाना है.’ यानामाला रामाकृष्नुडू ने आगे कहा कि वे (नरेंद्र मोदी और अमित शाह) नफरत की राजनीति करते हैं और जो उनके धर्म, विचारधारा या सोच को नहीं मानता है उसे देश में रहने का अधिकार नहीं है. वित्त मंत्री के मुताबिक सभी लोग पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की इज्जत करते हैं, क्योंकि वे संविधान का आदर करते थे और कभी भी संवैधानिक व्यवस्था को खत्म करने की कोशिश नहीं की थी.

‘अमेठी में भाजपा से जो भी चुनाव लड़ेगा, जरूर जीतेगा.’

— स्मृति ईरानी, केंद्रीय कपड़ा मंत्री

केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी का यह बयान कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए आया. उन्होंने कहा, ‘अमेठी में बीते चार साल में वे विधानसभा की सभी सीटें और स्थानीय चुनाव हारे हैं.’ केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने आगे कहा कि जिस व्यक्ति की अपनी सीट जीतने की गारंटी न हो, क्या आप सोचते हैं कि वह राष्ट्रीय राजनीति में वापस आने वाला है. बीते दिनों भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने भी कहा था कि उत्तर प्रदेश में सपा-बसपा गठबंधन से उनकी पार्टी को परेशानी होगी लेकिन उसे अमेठी या रायबरेली में से एक सीट जरूर मिलेगी.


‘केंद्र सरकार राजधानी अमरावती के विकास के लिए पैसे नहीं दे रही है तब हमें (आंध्र प्रदेश) उसे टैक्स क्यों देना चाहिए?’

— एन चंद्रबाबू नायडू, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू का यह बयान मोदी सरकार पर राजधानी के विकास के लिए पर्याप्त धन न देने का आरोप लगाते हुए आया. उन्होंने कहा कि राजधानी अमरावती केंद्र के लिए इनकम टैक्स, कार्पोरेट टैक्स और वस्तु व सेवा कर (जीएसटी) के रूप में बड़े पैमाने पर राजस्व का जरिया बनेगी लेकिन केंद्र सरकार उसे बनाने में मदद के लिए आगे नहीं आ रही है. एन चंद्रबाबू नायडू आगे कहा कि आंध्र प्रदेश को दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद और बेंगलुरु जैसी राजधानी की जरूरत क्यों नहीं है. आगामी लोकसभा चुनाव के बारे में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री का कहना था कि एक बात तो तय है कि 2019 में भाजपा केंद्र की सत्ता में नहीं आने वाली है.


‘आरएसएस के कार्यक्रम में प्रणब मुखर्जी ने क्या कहा, इसके आधार पर उन्हें परखा जाना चाहिए.’

— अभिषेक मनु सिंघवी, कांग्रेस प्रवक्ता

कांग्रेस नेता अभिषेक मनु सिंघवी का यह बयान पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी द्वारा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के कार्यक्रम में शामिल होने का निमंत्रण स्वीकार करने पर आया. उन्होंने कहा, ‘प्रणब मुखर्जी ने राष्ट्रपति पद संभालने के लिए राजनीति को अलविदा कर कह दिया था.’ अभिषेक मनु सिंघवी ने आगे कहा कि जब प्रणब मुखर्जी किसी दीक्षांत समारोह में भाषण देते हैं तब उनकी बातें पूरी तरह से उनकी मान्यताओं का संकेत नहीं होती हैं.


‘जनता चुनाव के लिए मशीनों पर और ज्यादा भरोसा नहीं कर सकती है.’

— अखिलेश यादव, सपा प्रमुख और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री

सपा प्रमुख अखिलेश यादव का यह बयान कैराना लोकसभा और नूरपुर विधानसभा सीट पर उपचुनाव के दौरान मशीनों में गड़बड़ी की शिकायतों को लेकर आया. उन्होंने कहा, ‘लोगों में (चुनाव को लेकर) अविश्वास बढ़ रहा है...कल एक, दो या तीन नहीं बल्कि बड़े पैमाने पर मशीनों में गड़बड़ी निकलीं.’ बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि इससे लोकतंत्र मजबूत होगा, लोगों का उस पर भरोसा बढ़ेगा. उन्होंने उम्मीद जताई कि सोमवार को मतदान के दौरान मुश्किलों के बावजूद लोग दोबारा वोट देने जरूर आएंगे. इस बीच चुनाव आयोग ने बुधवार को कैराना की 73 पोलिंग बूथों पर दोबारा मतदान कराने का आदेश दिया है.


‘आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से नौकरियां नहीं जाने वाली हैं.’

— सत्या नडेला, माइक्रोसॉफ्ट के मुख्यमंत्री कार्यकारी अधिकारी (सीईओ)

माइक्रोसॉफ्ट के सीईओ सत्या नडेला का यह बयान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और रोबोटों के बढ़ने से रोजगार छिनने के सवालों को लेकर आया. उन्होंने कहा, ‘हम चाहते हैं कि 2018 में सबसे ज्यादा नैतिकता और सिद्धांतों पर बात हो ताकि हम इंजीनियर्स और कंपनियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तैयार करने में लगा सकें.’ रोबोटों द्वारा मानव श्रमिकों की जगह लेने पर यूनिवर्सल बेसिक इनकम की व्यवस्था लागू करने की जरूरत के बारे में सत्या नडेला ने कहा कि जो भी काम है, उसको लेकर गरिमा की एक निश्चित मात्रा है, इसलिए प्रोत्साहन व्यवस्था को लागू करने की जरूरत होगी.