अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उत्तर कोरिया के शासक किम जोंग उन की आज सिंगापुर में ऐतिहासिक मुलाकात हुई है. अमेरिका और उत्तर कोरिया के बीच लंबे अरसे से चल रहे तनाव को देखते हुए इस मुलाकात पर पूरी दुनिया की निगाहें थीं और यही वजह है कि बाकी देशों के साथ-साथ भारत में भी सोशल मीडिया पर इसकी खूब चर्चा हुई है. यहां एक बड़े तबके ने इस मुलाकात का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई है कि इससे दुनिया को सुरक्षित बनाने में मदद मिलेगी. इस पर अमेरिका के राजनीतिक विचारक और लेखक इयान ब्रीमर ने एक चुटकी ली है, ‘विश्व शांति के लिए कौन बड़ा खतरा है? 50 प्रतिशत रिपब्लिकन्स (ट्रंप की पार्टी) का कहना है – किम जोंग उन. 48 प्रतिशत डेमोक्रेट्स (अमेरिका की विपक्षी पार्टी) का कहना है – डोनाल्ड ट्रंप.’

इसके साथ फेसबुक और ट्विटर पर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उनके तीन मंत्रियों का उपराज्यपाल के आवास पर जारी धरना भी सुर्खियों में है. यहां इससे जुड़ी एक तस्वीर, जिसमें ये चारों लोग कुर्सियों-सोफे पर लेटे दिख रहे हैं, खूब शेयर की गई है और इस पर बड़े ही दिलचस्प कॉमेंट आए हैं. पत्रकार रोहित सरदाना का तंज है, ‘वो परेशान करते रहे, हम काम करते रहे!’ किम-ट्रंप मुलाकात के हवाले से भी इस खबर पर बड़ी ही मजेदार टिप्पणियां आई हैं. रतन भारद्वाज का ट्वीट है, ‘अगर ट्रंप और किम मिल सकते हैं तो मोदी और केजरीवाल क्यों नहीं?....’

इन दोनों खबरों पर सोशल मीडिया में आई कुछ और प्रतिक्रियाएं :

कीर्तीश भट्ट | @Kirtishbhat

सम्बन्ध इतने अच्छे हो गए हैं कि किम जोंग अगर कल फेसबुक पर आ जाएं तो ट्रम्प उनके फोटो पर जाकर ‘…सो क्यूट’ लिख आएं.

रियल हिस्टरी पिक्स | @RealHistoriPix

नौकरशाहों के साथ मारपीट करने, रिश्तेदारों के साथ पैसा हड़पने और फंड देने वालों को बाहर धकियाने के बाद मीडिया मैनेज करते हुए तानाशाह किम जोंग उन (2018) :

गब्बर | @GabbbarSingh

अगर नोबल समिति ने ट्रंप के बजाय किम जोंग उन को शांति का नोबेल दिया तो अमेरिकी राष्ट्रपति उत्तर कोरिया के खिलाफ युद्ध की घोषणा कर देंगे.

मंजुल | @MANJULtoons

ट्रम्प कह रहे हैं (किम जोंग उन से) कि पिछली अमरीकी सरकारों ने कुछ नहीं किया!

लीसली अब्रावानेल | @lesleyabravanel

ट्रंप और किम की बैठक का निष्कर्ष एक कार्टून में :