दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल के आधिकारिक निवास पर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उनके मंत्रियों का धरना तीसरे दिन भी जारी है. इस धरने में शामिल दिल्ली के लोक निर्माण मंत्री सत्येंद्र जैन के बाद अब उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने भी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर दी है. बुधवार के ट्विटर पर उन्होंने लिखा, ‘दिल्ली की जनता को उसका हक दिलाने और उसके रुके हुए काम कराने के लिए आज से मैं भी अनिश्चितकालीन अनशन पर बैठ रहा हूं’ उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने यह भी कहा, ‘एलजी साहब के वेटिंग रूम में इंतज़ार करते हुए आज तीसरा दिन है. उन्हें वक्त नहीं मिला है कि आईएएस अफसरों की हड़ताल खत्म करने के आदेश दे सकें और राशन की फाइल पर मंजूरी दे सकें. तीन दिन से एलजी साहब का कुछ न करना और उनकी जिद (इस बात का) प्रमाण है कि आईएएस (अधिकारियों की) हड़ताल उनके इशारे पर ही चल रही है.’

सोमवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया, लोक निर्माण मंत्री सत्येंद्र जैन और श्रम मंत्री गोपाल राय उपराज्यपाल अनिल बैजल से मिलने उनके घर गए थे. लेकिन उपराज्यपाल पर अपनी मांगों को अनसुना करने का आरोप लगाते हुए वे लोग राज निवास के वेटिंग रूप में ही धरने पर बैठ गए थे. बुधवार को एनडीटीवी से बातचीत में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने अपने इस धरने को ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ बताया है. उन्होंने कहा, ‘मैं दिल्ली के जनता के लिए उन लोगों के खिलाफ लड़ रहा हूं जिन्होंने सरकारी सेवाओं को ठप कर दिया है. आप इसे उनके खिलाफ मेरी सर्जिकल स्ट्राइक कह सकते हैं, जो दिल्ली की जनता को सजा देना चाहते हैं.’

इस बीच उपराज्यपाल कार्यालय ने दिल्ली के आईएएस अधिकारियों के हड़ताल से इनकार किया है. साथ में यह भी कहा है कि दिल्ली सरकार और अधिकारियों के बीच विश्वास की कमी है, जिसे दुरुस्त करने के लिए सरकार की तरफ से गंभीर प्रयास नहीं किए गए हैं. हालांकि, इसके जवाब में आम आदमी पार्टी ने दावा किया है कि दिल्ली सरकार ने 20 फरवरी से लेकर अब तक अधिकारियों से सुलह की आठ कोशिशें की हैं.