स्विस बैंकों में भारतीयों द्वारा जमा किए गए धन में 50 प्रतिशत उछाल आने की खबर के बाद केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि भारत सरकार स्विट्जरलैंड से कालेधन से जुड़े सभी आंकड़े हासिल करेगी. अरुण जेटली की अनुपस्थिति में फिलहाल वित्त मंत्रालय का कामकाज देख रहे पीयूष गोयल ने कहा है कि इस साल जनवरी से लेकर दिसंबर तक का डेटा वित्तीय वर्ष के अंत तक स्विट्जरलैंड से ले लिया जाएगा.

डेक्कन क्रॉनिकल की खबर के मुताबिक पीयूष गोयल ने स्पष्ट किया है, ‘भारत और स्विट्जरलैंड के बीच हुए समझौते में यह (डेटा शेयरिंग) शामिल है. एक जनवरी, 2018 से मौजूदा वित्त वर्ष के अंत तक का सारा डेटा उपलब्ध हो जाएगा. अभी से यह क्यों मानकर चलें कि जमा की गई रकम काला या अवैध धन है?’

इसके साथ केंद्रीय मंत्री ने यह भी कहा कि डेटा सामने आने के बाद अगर कोई व्यक्ति दोषी पाया गया तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.

गुरुवार को आई खबरों के मुताबिक 2017 में स्विस बैंकों में भारतीयों द्वारा जमा कराई गई रकम 50 प्रतिशत बढ़ गई है. स्विट्जरलैंड के केंद्रीय बैंक की 28 जून को जारी आधिकारिक रिपोर्ट के मुताबिक 2017 में स्विस बैंकों में भारतीयों द्वारा जमा कराई गई रकम करीब 1.01 अरब स्विस फ्रैंक्स (सीएचएफ - स्विट्ज़रलैंड की मुद्रा) थी. भारतीय मुद्रा में इसका मूल्य लगभग 7,000 करोड़ रुपये होता है.