देश की प्रमुख ऑटोमोबाइल कंपनी टाटा मोटर्स अपनी लखटकिया कार नैनो का उत्पादन जल्द ही बंद कर सकती है. इस कार के उत्पादन और बिक्री से जुड़ेेे आंकड़े इस बात को पुष्ट करते हैं. बिजनेस स्टैंडर्ड के मुताबिक बीते महीने में जहां इस कार की सिर्फ एक इकाई का उत्पादन हुआ तो वहीं घरेलू बाजार में इस दौरान सिर्फ तीन कारें ही बिक सकीं.

तुलनात्मक आंकड़ों पर नजर डालें तो जून 2017 में नैनो की 25 इकाइयां विदेशी बाजार में निर्यात की गई थीं लेकिन इस साल जून में यह आंकड़ा शून्य रहा. इसी तरह बीते साल जून में जहां नैनो की 275 इकाइयां निर्मित की गई थीं तो इस साल सिर्फ एक इकाई ही बनाई गई. इसी तरह पिछले साल जून में जहां घरेलू बाजार में इसकी 167 यूनिटें बिकी थीं तो इस साल जबरदस्त गिरावट के साथ यह आंकड़ा महज तीन पर सिमटकर रह गया.

नैनो के घटते उत्पादन को लेकर टाटा मोटर्स के प्रवक्ता का कहना था, ‘मौजूदा परिस्थितियों से कंपनी अच्छी तरह वाकिफ है. इस हाल में नैनो का उत्पादन 2019 के बाद आगे ले जा पाना कठिन है. लोगों में नैनो की लोकप्रियता बढ़ाने के लिए इसमें निवेश की जरूरत है लेकिन इसके लिए फिलहाल ऐसा कोई निर्णय नहीं किया गया है.’ उन्होंने आगे कहा कि ग्राहकों की मांग होने पर कंपनी इस कार का उत्पादन जारी रखेगी. सूत्रों का भी कहना है कि टाटा मोटर्स नैनो को पूरी तरह बाजार से हटानेे के पक्ष मेें नहीं है और जल्द ही इस कार का इलेक्ट्रिक वर्जन बाजार मेंं दस्तक दे सकता है.

‘आम आदमी की कार’ के नाम से शोहरत पाने वाली नैनो की पहली झलक 2008 के आॅटो एक्स्पो में देखने को मिली थी. टाटा संस के तत्कालीन अध्यक्ष रतन टाटा ने उस वक्त इसे बेहद भावुक अंदाज में प्रस्तुत किया था. लेकिन शुरुआती मांग के बाद इस कार को गलत मार्केटिंग रणनीतियों का खामियाजा उठाना पड़ा. इस बारे में जानकारों का कहना है कि भारत जैसे देश में जहां आज भी कारों को सुविधा से शान का प्रतीक समझा जाता है वहां कोई भी अपने साथ सस्ती कार का टैग नहीं जोड़ना चाहता.

मारुति-सुज़ुकी ब्रेज़ा ने नया कीर्तिमान रचा

देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति-सुज़ुकी की लोकप्रिय कॉम्पैक एसयूवी ब्रेज़ा ने नया कीर्तिमान स्थापित किया है. खबरों के मुताबिक कंपनी ने इस सप्ताह ब्रेज़ा की तीन लाख यूनिट बिक्री का आंकड़ा पार कर लिया है जो कि सेगमेंट के लिहाज से एक बड़ी उपलब्धि है. आपको बता दें कि भारतीय बाज़ार में कॉम्पैक एसयूवी सेगमेंट में कई प्रमुख कारों जैसे- फोर्ड एकोस्पोर्ट, टाटा नेक्स्न, रेनो डस्टर और महिंद्रा टीयूवी-300 के मौजूद होने के बावजूद अकेली ब्रेज़ा बिक्री के मामलेेे में इन सभी धुरंधर गाड़ियों की कुल बिक्री को टक्कर देेती दिखती है. जानकार इसके लिए मारुति की आफ्टर सेल्स सर्विस और ग्राहकों के बीच कंपनी की विश्वसनीयता को श्रेय देते हैं.

मारुति-सुज़ुकी ब्रेज़ा
मारुति-सुज़ुकी ब्रेज़ा

इस मौके पर बात करते हुए कंपनी ने बताया कि सेगमेंट के 56 फीसदी भाग पर ब्रेज़ा का कब्ज़ा है. इस कार को मिली शानदार प्रतिक्रिया के लिए मारुति ने इसके ग्राहकों को धन्यवाद भी दिया.

मारुति नेे ब्रेज़ा को मार्च 2016 में लॉन्च किया था जिसके बाद यह कार छा गई. हाल ही में मारुति-सुज़ुकी ने ब्रेेज़ा का ऑटोमेटिक वर्ज़न लॉन्च किया है जिसे भी बाजार ने खासा सराहा है. इस कार में कंपनी ने 1.3 लीटर क्षमता वाला मौजूदा डीज़ल इंजन ही इस्तेमाल किया है जो 90 एचपी की अधिकतम पॉवर पैदा करने में सक्षम है. कंपनी का दावा है कि इस इंजन के साथ ब्रेज़ा के मैनुअल और ऑटोमेटिक- दोनों ही वेरिएंट 24.29 किमी/लीटर की बेहतरीन माइलेज देने में सक्षम हैं. यदि कीमतों की बात करें तो ब्रेज़ा ऑटोमैटिक की शुरुआती (एक्सशोरूम) कीमत 8.54 लाख रुपए तय की गई है जो 10.49 लाख रुपए तक जाती है. वहीं ब्रेज़ा ऑटोमेटिक की (एक्सशोरूम) कीमत 7.59 लाख से 9.88 लाख रुपए तक जाती है.

वॉल्वो की एसयूवी एक्ससी-40 भारत में लॉन्च

तेजी से उभरते भारतीय बाजार पर कई विदेशी लग्ज़री कार निर्माताओं की खासी नज़र है. स्वीडिश कंपनी वॉल्वो भी इनसे अलग नहीं. कंपनी ने इस बात की बानगी बुधवार को अपनी सबसे छोटी एसयूवी एक्ससी-40 यहां लॉन्च कर पेश की है. एक्ससी-40 पहली ऐसी कार है जिसे वॉल्वो ने अपने बिल्कुल नए कॉम्पैक्ट मॉड्यूलर आर्किटेक्चर (सीएमए) पर तैयार किया है. कंपनी ने इस कार का सिर्फ एक वेरिएंट- आर डिज़ायन ही भारत में लॉन्च किया है.

वॉल्वो एक्ससी-40
वॉल्वो एक्ससी-40

यदि इस कार के लुक्स की बात करें तो इसके फ्रंट में लगी बाई ज़ेनॉन हेडलाइट्स और डे-टाइम रनिंग लाइट्स के साथ जुड़ा हेडलाइट क्लस्टर, चौड़े रेडिएटर ग्रिल के बीच में लगा क्रोम फिनिश वाला वॉल्वो का लोगो और कंपनी का सिग्नेचर स्टाइल वाला बोनट इस कार की खूबसूरती में चार चांद लगाते हैं. वहीं इंटीग्रेटेड इंडीकेटर्स के साथ लगे इलेक्ट्रिकल एडजस्टेबल ओआरवीएम इसकी साइड प्रोफाइल को लग्ज़री फील देते हैं. साथ ही बिल्कुल नए स्पोर्टी स्पोक डिज़ायन वाले अलॉय व्हील्स एक्ससी-40 की ताजगी बरकरार रखते हैं.

कार के अंदर झांकने की कोशिश करें तो यहां आपको- लेदर अपहोल्स्ट्री के साथ इलेक्ट्रिकल एडजस्टेबल सीटें, ऑटोमेटिक एयर कंडीशनिंग सिस्टम और रियर सीट एंटरटेनमेंट पैकेज के साथ इंफोटेनमेंट सिस्टम जैसी खूबियां देखने को मिल सकती हैं. सुरक्षा के हिसाब से देखें तो यह कार चारों तरफ से सुरक्षा उपकरणों से लैस है जिनमें साइड और कर्टेन एयरबैग्स मौजूद हैं. इसके अलावा एक्ससी-40 में इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी कंट्रोल सिस्टम और ड्राइव मोड सलेक्शन जैसे फीचर्स के साथ आपको कॉकपिट स्टाइल वाला डैशबोर्ड, इंस्ट्रुमेंटल क्लस्टर और दो डायल डिज़ायन वाला मल्टी फंक्शनल थ्री-स्पॉक स्टीरिंग व्हील मिलता है. कंपनी ने इस कार में पांच अलग-अलग ड्राइव मोड- इको, कंफर्ट, डायनामिक, ऑफ-रोड और इंडिविज़ुअल विकल्प के तौर पर उपलब्ध करवाए हैं.

कंपनी ने एक्ससी-40 को 2.0 लीटर के डीज़ल इंजन के साथ पेश किया है जो 187 बीएचपी की अधिकतम पॉवर के साथ 400 एनएम का अधिकतम टॉर्क पैदा करने में सक्षम है. इस इंजन को 8-स्पीड ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन बॉक्स के साथ हालडैक्स ऑल-व्हील ड्राइव सिस्टम के साथ जोड़ा गया है. जानकारों का कहना है कि बाज़ार में यह कार मर्सिडीज़ जीएलए, बीएमडब्ल्यू एक्स-1 और ऑडी क्यू-3 जैसी कारों को कड़ी टक्कर दे सकती है. यदि कीमत की बात करें तो कंपनी ने इस कार के लिए 39.9 लाख रुपए का प्राइस टैग (एक्सशोरूम) तय किया है.