तमिलनाडु के एक कॉलेज में डिजास्टर ड्रिल (आपदा की स्थिति में बचने का अभ्यास) के दौरान एक छात्रा की मौत हो गई. यह हादसा कोयंबटूर जिले में हुआ. बताया जाता है कि 19 साल की एन लोकेश्वरी को दूसरी मंजिल से नीचे कूदना था जहां नेट पकड़े छात्रों की एक टीम उसका इंतजार कर रही थी. लोकेश्वरी कूदने में हिचकिचा रही थी. तभी ट्रेनर आरआर अरुमुगम ने उसे धक्का दे दिया. इसके बाद लोकेश्वरी का सिर पहली मंजिल की स्लैब पर टकराया और फिर वह जमीन पर जा गिरी. उसे अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.

पुलिस ने ट्रेनर को हिरासत में लिया है. मामले में कॉलेज प्रिंसिपिल से भी पूछताछ की जा रही है. पुलिस के मुताबिक इस अभ्यास में कम से कम 20 छात्रों ने हिस्सा लिया था और उनमें से कुछ लोग लोकेश्वरी से पहले सुरक्षित रूप से कूदने में सफल रहे थे. पुलिस का यह भी कहना है कि लोकेश्वरी कूदना नहीं चाहती थी, लेकिन ट्रेनर ने उसे जबर्दस्ती धक्का दे दिया.

इस ड्रिल का आयोजन राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा किया गया था. वहीं तमिलनाडु राज्य आपदा प्रबंधन एजेंसी के आयुक्त राजेंद्र रत्सु का कहना है कि उन्हें कॉलेज में आयोजित इस प्रशिक्षण की जानकारी नहीं थी. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा है कि पर्याप्त सुरक्षा उपायों के बिना ड्रिल आयोजित करने के लिए कॉलेज और ट्रेनर के खिलाफ मामला दर्ज किया जाएगा. राज्य के उच्च शिक्षा मंत्री केपी अंबालागन ने भी मामले की जांच कर उचित कार्रवाई का भरोसा दिया है.