भारत में इस वक़्त रह रहे क़रीब 30,000 पाकिस्तानी हिंदू-सिख अब यहां संपत्ति भी ख़रीद सकते हैं. वे भारत के अन्य नागरिकों की तरह स्थायी ख़ाता संख्या (पैन) और आधार कार्ड भी बनवा सकते हैं. केंद्रीय गृह मंत्रालय के सूत्रों के हवाले से यह ख़बर आई है.

द एशियन एज़ पाकिस्तान के हिंदू-सिख अल्पसंख्यकों को भारत ने लंबी अवधि के वीज़ा (एलटीवी) की सुविधा दी है. इनके अलावा बांग्लादेश और अफ़ग़ानिस्तान से आए हिंदू अल्पसंख्यकों को भी ऐसी ही सुविधा दी गई है. अधिकारियों बताया कि 2011से 2014 के बीच इस तरह के कुल 14,726 पाकिस्तानी नागरिकों को यह सुविधा दी गई थी. लेकिन एलटीवी जारी करने की व्यवस्था ऑनलाइन होने के बाद 2015 में 2,142, 2016 में 2,298, 2017 में 4,172 और इस साल अब तक 6,092 पाकिस्तानी हिंदुओं को एलटीवी मिल चुका है.

सूत्रों के मुताबिक एलटीवी के आधार पर रह रहे पाकिस्तानी, बांग्लादेशी, अफ़ग़ानी, अल्पसंख्यक नागरिक यहां अपनी ज़रूरत के मुताबिक घर ले सकते हैं. रोज़गार शुरू कर सकते हैं. छोटा-मोटा कारोबार कर सकते हैं. देश के किसी भी राज्य में आवाज़ाही कर सकते हैं. अपने दस्तावेज़ एक से दूसरी जगह स्थानांतरित भी करा सकते हैं. बस सैन्य छावनी के इलाको में ये लोग संपत्ति नहीं ख़रीद सकते.