भारतीय मूल की अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री (एस्ट्रोनॉट) सुनीता विलियम्स एक बार फिर अंतरिक्ष की यात्रा करेंगी. अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने उन्हें व्यावसायिक रूप से तैयार किए गए रॉकेटों और कैप्सूलों में उड़ान भरने संबंधी परीक्षण मिशन के लिए चुना है.

ख़बरों के मुताबिक अगले साल शुरू होने वाले इस मिशन के लिए सुनीता विलियम्स सहित नौ लोगों को चुना गया है. शुक्रवार को इन सभी को इस मिशन को लेकर आयोजित कार्यक्रम में पेश किया गया. नासा ने 2015 में ही सुनीता को अमेरिका के पहले व्यावसायिक अंतरिक्षयात्रियों के समूह में शामिल किया था. इस वक़्त 52 साल की हो चुकीं सुनीता 2011 से 2012 के बीच 321 दिन अंतरिक्ष में बिता चुकी हैं.

यह पहला मौका है जब नासा ने व्यावसायिक समूह वाले अंतरिक्षयान में अंतरिक्षयात्रियों को भेजने की तैयारी की है. इस मिशन की घोषणा करते हुए एजेंसी ने बताया कि सभी अंतरिक्षयात्रियों को ले जाने वाले अंतरिक्षयान का निर्माण द बोइंग कंपनी और स्पेसएक्स ने किया है. ये दोनों कंपनियां मिशन के दौरान यान को संचालित भी करेंगी. नासा ने ट्वीट कर बताया कि भविष्य में भी स्पेसएक्स एंड बोइंगस्पेस के साथ साझेदारी कर अंतरिक्षयात्रियों को मिशन पर भेजा जाएगा.