देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति-सुज़ुकी ने लग्ज़री सेगमेंट में उतरने से फिलहाल इन्कार कर दिया है. ख़बरों की मानें तो मारुति के शेयरधारकों ने कंपनी के सामने इस बात की अपेक्षा ज़ाहिर की थी कि अब कंपनी को मर्सिडीज़-बेंज, बीएमडब्‍ल्‍यू और ऑडी जैसी कंपनियों से टक्कर लेनी चाहिए जिस पर कंपनी ने यह प्रतिक्रिया दी.

इस सप्ताह आयोजित कंपनी की 37वीं वार्षिक आम सभा के दौरान एक शेयरधारक ने कंपनी प्रबंधन के सामने इस बात का प्रस्ताव रखा कि क्यों न मारुति-सुज़की अपनी वैल्यू चेन की दिशा में काम करे. अपनी बात के पक्ष में इस शेयरधारक की दलील थी कि चूंकि मारुति के पास भारत के यात्री वाहन सेगमेंट की पचास फीसदी से ज्यादा (52.54 फीसदी) हिस्सेदारी है. इसलिए यह कदम उठाने का यह बेहतरीन समय है.

इस सुझाव पर प्रतिक्रिया देते हुए मारुति़-सुज़ुकी इंडिया के चेयरमैन आरसी भार्गव ने यह आश्वासन दिया कि आने वाले समय में कंपनी लग्ज़री कारों के फीचर्स को ही किफायती दाम में उपलब्ध करवाने के लिए प्रतिबद्ध है. लेकिन साथ ही उन्होंने कंपनी के हाल-फिलहाल पूरी तरह लग्ज़री सेगमेंट में उतरने के कयासों पर भी विराम लगा दिया. बकौल भार्गव, ‘नई सियाज़ समेत हमारी कारों में प्रीमियम सेगमेंट की कारों के कई फीचर्स मौजूद हैं जिन्हें हमने बेहद कम दामों में उपलब्ध करवाया है.’ भार्गव ने आगे जोड़ा कि चू्ंकि आम भारतीय किफायत को लेकर खासे संवेदनशील होते हैं. ऐसे में कीमत बढ़ाकर वाहनों की बिक्री घटाना कंपनी की रणनीति के अनुकूल नहीं है.

बता दें कि चालू वित्‍त वर्ष की पहली तिमाही में मारुति-सुज़ुकी की यात्री वाहन बाजार में हिस्‍सेदारी पिछले साल की 50.43 फीसदी से बढ़कर 52.54 प्रतिशत हो गई है. इस दौरान कंपनी ने 4,58,967 यूनिट की बिक्री की है. पिछले साल यह आंकड़ा 3,67,386 यूनिट था.

कार खरीदना महंगा हुआ

सितंबर की शुरुआत के साथ वाहन खरीदना महंगा हो गया है. सुप्रीम कोर्ट द्वारा पिछले महीने दिए एक आदेश के बाद अब से नया वाहन खरीदने पर लंबी अवधि का थर्ड पार्टी इन्श्योरेंस लेना अनिवार्य होगा. इस हवाले से भारतीय बीमा नियामक एवं विकास प्राधिकरण (इरडा) ने वाहनों का बीमा करने वाली कंपनियों को सर्कुलर जारी कर दिया है.

20 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट ने बीमा कंपनियों के लिए निर्देश जारी किया था कि वे एक सितंबर से लंबी अवधि के थर्ड पार्टी इन्श्योरेंस जारी करें ताकि सड़कों पर बिना बीमा वाले वाहनों की संख्या कम हो सके. इस निर्देश में नई कारों के लिए तीन साल और दोपहिया वाहनों के लिए पांच साल के थर्ड पार्टी इन्श्योरेंस की बात कही गई थी.

इरडा की वर्तमान दरों के मुताबिक ऐसी कार जिनका इंजन 1,000 सीसी से कम है उनके लिए तीन साल के थर्ड पार्टी इन्श्योरेंस की कीमत 5,286 रुपये होगी. वहीं 1,000 सीसी से 1,500 सीसी तक के लिए प्रीमियम 9534 रुपये और 1500 सीसी से ऊपर की कार के लिए 24,305 रुपये होगा.

इसके साथ ही 75 सीसी से कम इंजन वाले दोपहिया वाहनों के लिए पांच साल के इन्श्योरेंस का प्रीमियम 1045 रुपये, 75 सीसी से 150 सीसी की बाइक के लिए 3285 रुपये और 150 सीसी से 350 सीसी तक लिए 5453 रुपये होगा. वहीं 350 सीसी से ऊपर के दोपहिया वाहनों के लिए इंश्योरेंस प्रीमियम 13,034 रुपये होगा.

इसके अलावा डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपए में लगातार ज़ारी गिरावट की वजह से भी देश के बाज़ार में वाहनों की कीमतें प्रभावित हुई हैं. विदेशों से आयात होने वाली वस्तुओं, आयात कर और कच्चे माल की कीमतों में बढ़ोतरी होने की वजह से देश की सभी प्रमुख वाहन निर्माता कंपनियों ने पिछले महीने अपने उत्पादों के दामों को बढ़ाने का फैसला लिया है. ऑटोमोबाइल कंपनियों ने इस बढ़ोतरी के पीछे पेट्रोल और डीज़ल की आसमान छूती कीमतों की वजह से मालभाड़े की बढ़ती दरों का भी हवाला दिया था.

रॉयल इनफील्ड का नया एडिशन

दमदार बाइक बनाने के लिए पहचानी जाने वाली रॉयल एनफील्ड ने भारत में अपनी लोकप्रिय 350 सीसी क्लासिक का नया एडिशन लॉन्च किया है. रॉयल एनफील्ड ने ‘सिग्नल्स एडिशन’ नाम से तैयार किए गए इस एडिशन को सेना के साथ कंपनी के पुराने संबंधों को समर्पित किया है. गौरतलब है कि सिग्नल्स एडिशन सिर्फ रॉयल एन्‍फील्‍ड की ऑफिशियल वेबसाइट पर ही बिक्री के लिए उपलब्‍ध होगी. फिलहाल इसकी बुकिंग शुरु हो चुकी है.

रॉयल एनफील्ड ने सिग्नल्स एडिशन में मौजूदा क्लासिक 350 सीसी की तुलना में कई अहम कॉस्मेटिक अपडेट किए हैं जिनमें नए आर्मी स्टिकर्स शामिल हैं. इसके फ्यूल टैंक पर यूनीक स्टेंसिल्ड नंबर भी है जो हर यूनिट के लिए अलग होगा. साथ ही इस नई बाइक में कुछ मैकेनिकल बदलाव भी देखने को मिलेंगे. इनमें हैडलैम्प, क्रैंककेस कवर, एग्जॉस्ट मफलर, हैंडलबार पर क्रोम प्रमुख हैं. एयरबॉर्न ब्‍लू और स्‍टॉर्म राइडर सैंड जैसे दो खूबसूरत रंगों के साथ इस एडिशन की डार्क ब्राउन शेड की सीट खासा आकर्षक बनाती है.

परफॉर्मेंस के मामले में रॉयल एन्‍फील्‍ड ने सिग्‍नल्‍स एडिशन में कोई बदलाव नहीं किया है. इस बाइक में भी मौजूदा बाइक वाला 346 सीसी का सिंगल सिलिंडर वाला एयर कूल्ड इंजन दिया गया है जो 5250 आरपीएम पर 19 बीचएपी की पावर और 28 न्यूटन मीटर का अधिकतम टॉर्क उत्पन्न करने में सक्षम है. इस मोटरसाइकल में एंटी लॉक ब्रेकिंग सिस्टम (एबीएस) को बतौर स्टैंडर्ड फीचर शामिल किया है. इस खूबी वाली यह रॉयल एनफील्ड की पहली ऐसी बाइक है. कंपनी ने इस बाइक की पुणे में एक्‍स शोरूम कीमत 1.62 लाख रुपए तय की है जो बुलेट के मौजूदा स्टैंडर्ड मॉडल से तकरीबन 15,000 रुपए महंगी है.