कांग्रेस की कर्नाटक इकाई के प्रमुख डीजी राव ने कहा है कि राज्य में जनता दल सेक्युलर (जेडीएस) और कांग्रेस की गठबंधन सरकार स्थिर है और इसे कोई खतरा नहीं है. इसके साथ ही उन्होंने उन खबरों को भी खारिज किया है जिनमें अटकलें लगाई जा रही हैं कि कुछ विधायक कांग्रेस को छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के साथ नाता जोड़ सकते हैं.

द इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक डीजी राव ने कहा, ‘कांग्रेस विधायकों में फूट और दलबंदी संबंधी झूठी खबरों के पीछे भाजपा का हाथ है. अगर वह ऐसा समझती है कि वह कांग्रेस के विधायकों को तोड़ लेगी तो यह गलत है. भाजपा के लिए बड़े अचंभे की बात तो यह हो सकती है कि खुद उसी के सात-आठ विधायक कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन के साथ जुड़ने को तैयार हैं. लेकिन हम ऐसे अनैतिक काम नहीं करते पर अगर भाजपा गलत करती है तो हम भी चुप नहीं बैठेंगे.’

इस दौरान कर्नाटक के गृह मंत्री जी परमेश्वरा ने भी कहा कि राज्य की गठबंधन सरकार को कोई खतरा नहीं है और यह स्थिर है. उनका कहना था, ‘प्रदेश की जनता को हमने अच्छी शासन-व्यवस्था देने का वादा किया था जिसे पूरा किया जा रहा है.’

इससे पहले बेलगावी के प्राथमिक भूमि विकास बैंक के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद के चुनाव को लेकर कर्नाटक नगरपालिका प्रशासन मंत्री नरेश जार्किहोली और प्रदेश के जल संसाधन मंत्री डीके शिवकुमार के बीच मतभेद की खबरें आई थीं. इसके बाद नरेश जार्किहोली ने इस मुद्दे को लेकर पार्टी हाईकमान से बात की थी. इसी दौरान नरेश जार्किहोली ने यह भी कहा था, ‘16 सितंबर तक का इंतजार कीजिए, फिर देखिये कि क्या होता है.’ उनके इस बयान को लेकर कांग्रेस में फूट पड़ने संबंधी खबरें आई थीं और राज्य सरकार के गिरने का अंदेशा जताया जाने लगा था.