भारत की विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की उनके पाकिस्तानी समकक्ष शाह महमूद कुरैशी के बीच अगले हफ्ते न्यूयॉर्क में होने वाली मुलाकात को भारत सरकार ने रद्द कर दिया है. एनडीटीवी के मुताबिक भारत सरकार ने यह फैसला जम्मू-कश्मीर में आतंकवादियों द्वारा तीन पुलिसकर्मियों के अपहरण और फिर उनकी हत्या कर दिए जाने के मद्देनजर किया है.

इस बारे में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने कहा है, ‘पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को दोनों देशों के बीच वार्ता शुरू करने का प्रस्ताव दिया था जिसे भारत ने स्वीकार कर लिया था. लेकिन जम्मू-कश्मीर में शुक्रवार के घटनाक्रम के बाद इमरान खान का असली चेहरा उजागर हो गया है.’

रवीश कुमार ने आगे कहा, ‘इमरान खान का पत्र मिलने के बाद भारत ने दोनों देशों के आपसी संबधों में सकारात्मक बदलाव के साथ एक नई शुरुआत की उम्मीद जताई थी. लेकिन अब महसूस होता है कि उन्होंने भारत को वार्ता का यह प्रस्ताव दुर्भावना के साथ दिया था.’ इस दौरान रवीश कुमार ने एक बार फिर दोहराया कि ‘आतंकवाद और वार्ता’ दोनों बातें एक साथ नहीं चल सकती.

इससे पहले 2015 में भारत-पाकिस्तान के बीच द्विपक्षीय वार्ता होने वाली थी. लेकिन उसी साल जम्मू-कश्मीर में एक सैन्य शिविर पर आतंकी हमले के बाद उस वार्ता को रद्द कर दिया गया था. इसके बाद उसी साल दिसंबर में सुषमा स्वराज ने ‘हार्ट आॅफ एशिया’ कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए इस्लामाबाद की यात्रा की थी, लेकिन उस दौरान दोनों देशों के बीच कोई विशेष बातचीत नहीं हो सकी थी.