भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रवक्ता संबित पात्रा ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद के एक बयान पर पलटवार करते हुए उसे हिंदुओं को नीचा दिखाने वाला बताया है. द टाइम्स आॅफ इंडिया के मुताबिक संबित पात्रा ने यह भी कहा है, ‘कांग्रेस पार्टी के नेता अपने बयानों से हिंदुओं को नीचा दिखाने और उनका मनोबल तोड़ने का काम कर रहे हैं.’

इसके साथ ही संबित पात्रा ने आजाद के उस आरोप को खारिज किया है जिसमें उन्होंने कहा था कि भाजपा अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) का नाम खराब करने की कोशिश कर रही है. भाजपा प्रवक्ता के मुताबिक किसी विश्वविद्यालय में आतंकवादियों के लिए प्रार्थना सभाएं आयोजित करने वाले छात्रों को दंडित किया जाना चाहिए.

इससे पहले हिजबुल मुजा​हिद्दीन के कमांडर मनन बशीर वानी के एक मुठभेड़ में मारे जाने के बाद बीते हफ्ते एएमयू में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था जिसमें भारत विरोधी नारे लगाए गए थे. उस घटना के बाद एएमयू से कश्मीर के तीन छात्रों को निलंबित कर दिया गया था हालांकि बाद में दो छात्रों का निलंबन रद्द कर दिया गया था.

उधर, बुधवार को एएमयू में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान गुलाम नबी आजाद ने भाजपा का नाम लिए बगैर उस पर एएमयू की छवि खराब करने का आरोप लगाया था. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा था कि आज हम सभी बंट गए हैं. समाज, दोस्त और परिवार सब कुछ बंट गया है.

गुलाम नबी आजाद का कहना था कि युवा कांग्रेस में रहने के दौरान से ही उन्होंने पार्टी के अनेक नेताओं के लिए प्रचार का काम किया था लेकिन अब विशेष तौर पर हिंदू नेता उन्हें प्रचार के लिए नहीं बुलाते क्योंकि हिंदू नेताओं को लगता है कि उनके प्रचार करने से उनके वोट कट जाएंगे और उन्हें वोटों का नुकसान होगा.